
पटना: बिहार के पर्यटन विभाग के अधीक्षण अभियंता अवधेश कुमार सिन्हा के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति मामले में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने बड़ी कार्रवाई की है। पटना स्थित उनके तीन ठिकानों पर छापेमारी के दौरान जांच एजेंसी को तीन फ्लैट, 12 भूखंड, 19 बैंक खाते, लाखों रुपये के आभूषण और कई महत्वपूर्ण दस्तावेज मिले हैं। बरामद संपत्तियों के दस्तावेजों की जांच जारी है।
आय से 75 प्रतिशत अधिक संपत्ति का आरोप
निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने अधीक्षण अभियंता अवधेश कुमार सिन्हा के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के आरोप में मामला दर्ज किया था। प्रारंभिक जांच में उनके पास ज्ञात आय से लगभग 75 प्रतिशत अधिक, करीब 1.42 करोड़ रुपये की संपत्ति होने के प्रमाण मिलने के बाद विशेष अदालत से तलाशी वारंट प्राप्त कर छापेमारी की गई।
पटना के तीन ठिकानों पर एक साथ हुई कार्रवाई
शुक्रवार को ब्यूरो की टीम ने पटना के आशियाना नगर स्थित आवास, कार्यालय समेत तीन परिसरों पर एक साथ छापेमारी की। देर रात तक चली कार्रवाई में चल-अचल संपत्तियों से जुड़े कई दस्तावेज जब्त किए गए। जांच एजेंसी अब बरामद दस्तावेजों के आधार पर संपत्तियों के वास्तविक मूल्य और स्वामित्व की पड़ताल कर रही है।
तीन फ्लैट, 12 भूखंड और 19 बैंक खातों का पता
छापेमारी के दौरान जांच टीम को अब तक—
- 3 फ्लैट
- 12 भूखंड
- 19 बैंक खाते
- करीब 10 लाख रुपये के आभूषण
- भारी निवेश से जुड़े दस्तावेज
मिले हैं। 12 भूखंडों के स्थान और अन्य विवरणों का सत्यापन दस्तावेजों के आधार पर किया जा रहा है।
आलीशान मकान और करोड़ों के निवेश की जांच
जांच में सामने आया कि आशियाना नगर में लगभग चार कट्ठा चार धूर जमीन खरीदकर उस पर आलीशान मकान का निर्माण कराया गया। समाचार के अनुसार, जमीन की खरीद और मकान निर्माण पर लाखों रुपये खर्च किए गए हैं। निर्माण कार्य से जुड़े भुगतान और वित्तीय लेन-देन की भी जांच की जा रही है।
बीमा और आभूषणों में भी निवेश
निगरानी टीम को छापेमारी के दौरान बीमा निवेश से जुड़े दस्तावेज भी मिले हैं। इसके अलावा लगभग 61 हजार रुपये नकद, 5.05 लाख रुपये के स्वर्ण आभूषण, 3.07 लाख रुपये के हीरे जड़ित आभूषण तथा 1.52 लाख रुपये के चांदी के आभूषण बरामद होने की जानकारी सामने आई है।
दस्तावेजों की जांच जारी
निगरानी अन्वेषण ब्यूरो का कहना है कि जब्त किए गए दस्तावेजों, बैंक खातों और निवेश से जुड़े रिकॉर्ड की विस्तृत जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


