
पटना | बिहार की राजनीति के लिए आज का दिन बेहद अहम माना जा रहा है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में मुख्यमंत्री आवास पर एनडीए की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित होगी, जिसमें सरकार के कामकाज की समीक्षा से लेकर आगामी चुनावी रणनीति तक कई बड़े मुद्दों पर चर्चा की जाएगी।
बैठक में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा, दोनों उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी और विजेंद्र प्रसाद यादव, एनडीए के सभी घटक दलों के मंत्री, विधायक और जिला अध्यक्ष शामिल होंगे।
सरकार के तीन महीने के कामकाज का होगा मूल्यांकन
मुख्यमंत्री बनने के लगभग तीन महीने बाद सम्राट चौधरी पहली बार एनडीए के सभी प्रमुख नेताओं के साथ सरकार के प्रदर्शन की समीक्षा करेंगे। विभिन्न विभागों की प्रगति, योजनाओं के क्रियान्वयन और 2025 विधानसभा चुनाव के दौरान किए गए वादों पर अब तक हुए कार्यों का फीडबैक लिया जाएगा।
बांकीपुर उपचुनाव पर रहेगा विशेष फोकस
बैठक ऐसे समय हो रही है जब बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हैं। प्रशांत किशोर के मैदान में उतरने से मुकाबला रोचक हो गया है। भाजपा ने अभिषेक सिन्हा को उम्मीदवार बनाया है। माना जा रहा है कि बैठक के बाद एनडीए एकजुट होकर चुनाव प्रचार अभियान को और तेज करेगा।
2025 विधानसभा और पंचायत चुनाव की तैयारी
सूत्रों के अनुसार बैठक में केवल बांकीपुर उपचुनाव ही नहीं, बल्कि 2025 विधानसभा चुनाव, पंचायत चुनाव और विधान परिषद चुनावों को लेकर भी रणनीति तैयार की जाएगी। घटक दलों के बीच बेहतर तालमेल के लिए कोऑर्डिनेशन कमिटी के गठन पर भी विचार हो सकता है।
भरत तिवारी एनकाउंटर पर भी हो सकती है चर्चा
हाल के दिनों में भरत तिवारी एनकाउंटर को लेकर एनडीए नेताओं के अलग-अलग बयानों से राजनीतिक विवाद पैदा हुआ है। न्यायिक जांच जारी है। ऐसे में बैठक में संवेदनशील मामलों पर एक समान राजनीतिक संदेश देने और गठबंधन के नेताओं के बीच अनुशासन बनाए रखने पर भी चर्चा होने की संभावना है।
एकजुटता का संदेश देने की तैयारी
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह बैठक केवल प्रशासनिक समीक्षा तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि विपक्ष को राजनीतिक संदेश देने और आगामी चुनावों से पहले एनडीए की एकजुटता दिखाने का मंच भी बनेगी।
बैठक के बाद होगा सामूहिक भोज
बैठक समाप्त होने के बाद मुख्यमंत्री आवास पर सभी नेताओं, मंत्रियों और विधायकों के लिए सामूहिक भोज का भी आयोजन किया गया है। माना जा रहा है कि इस बैठक से आगामी चुनावी अभियान की दिशा और एनडीए की साझा रणनीति स्पष्ट हो सकती है।


