कैमूर (भभुआ)।बिहार के कैमूर जिले में नशे ने दो परिवारों की खुशियां उजाड़ दीं। सोनहन थाना क्षेत्र के बहुअन गांव में रविवार सुबह एक ऑटो से दो युवकों के शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। प्रारंभिक जांच में दोनों की मौत ड्रग ओवरडोज से होने की आशंका जताई जा रही है। मौके से सिरिंज और प्रतिबंधित इंजेक्शन दवाइयां बरामद हुई हैं।
मृतकों की पहचान सुभाष तिवारी और अनिल राम के रूप में हुई है। दोनों गांव के ही रहने वाले थे और टेंपो चलाने का काम करते थे।
महावीरी झंडा, दंगल और फिर नशे की रात
शनिवार को गांव में हनुमान जयंती के मौके पर महावीरी झंडा और दंगल का आयोजन हुआ था। पूरे गांव में उत्सव का माहौल था। इसी दौरान सुभाष और अनिल अपने ऑटो से गांव के बाहर बधार (खेतों की ओर) एकांत में चले गए।
ग्रामीणों के मुताबिक, दोनों वहां बैठकर इंजेक्शन के जरिए नशा करते रहे। कब रात हो गई और कब दोनों की हालत बिगड़ गई, किसी को पता नहीं चला।
सुबह खेत गए लोगों ने देखा ऑटो में बैठे शव
रविवार सुबह जब कुछ ग्रामीण खेतों की ओर गए, तो उन्होंने देखा कि ऑटो में दोनों युवक निष्क्रिय हालत में बैठे हैं। आवाज देने पर भी कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। पास जाकर देखा तो दोनों की मौत हो चुकी थी। इसके बाद गांव में अफरा-तफरी मच गई।
परिजन बोले – “सोचा था कहीं घूमने गया होगा”
सुभाष तिवारी के परिजन मनोज तिवारी ने बताया,
“हमें लगा था कि वह गांव में ही कहीं घूमने गया होगा या कहीं सो गया होगा। सुबह लोगों ने बताया कि ऑटो में उसकी लाश है। दोनों पिछले दो-तीन साल से नशा कर रहे थे।”
सुभाष शादीशुदा था, जबकि अनिल राम अविवाहित था और टेंपो चलाकर परिवार का पालन-पोषण करता था।
पुलिस और एफएसएल जांच में जुटी
घटना की सूचना पर सोनहन थाना पुलिस और एफएसएल टीम मौके पर पहुंची। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
भभुआ डीएसपी मनोरंजन भारती ने कहा,
“दोनों युवक ऑटो में मृत पाए गए हैं। उनके पास से सिरिंज और प्रतिबंधित दवाइयां बरामद हुई हैं। परिजनों से पूछताछ में सामने आया है कि वे काफी समय से इसका सेवन कर रहे थे। सभी पहलुओं पर जांच जारी है।”
गांव में मातम, नशे को लेकर बढ़ी चिंता
घटना के बाद बहुअन गांव में मातमी सन्नाटा पसरा है। ग्रामीणों का कहना है कि इलाके में नशे का चलन तेजी से बढ़ रहा है और युवा इसकी चपेट में आ रहे हैं। लोगों ने प्रशासन से नशे के नेटवर्क पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
नोट: पुलिस ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट और एफएसएल जांच के बाद ही मौत के सही कारणों की पुष्टि की बात कही है।


