तुषार गांधी का हमला: “एनडीए लोकतंत्र के लिए कैंसर, चुनाव आयोग की भूमिका संदिग्ध”

भागलपुर में बोले- मतदाता पुनरीक्षण ग्रामसभा से होता तो बेहतर होता, मोदी सरकार को हटाना जरूरी

भागलपुर | महात्मा गांधी के प्रपौत्र और सामाजिक कार्यकर्ता तुषार गांधी ने शुक्रवार को भागलपुर में एनडीए सरकार और चुनाव आयोग पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि भारत का लोकतंत्र खतरे में है और एनडीए सरकार इसके लिए कैंसर बन चुकी है। उन्होंने मतदाता सूची पुनरीक्षण को लेकर चुनाव आयोग की मंशा पर सवाल खड़ा करते हुए कहा कि यह प्रक्रिया चुनाव के इतने करीब आकर नहीं होनी चाहिए थी।

तुषार गांधी “बदलो बिहार-नई सरकार” नागरिक अभियान के तहत भागलपुर पहुंचे थे। प्रेस वार्ता में उन्होंने कहा, “मतदाता सूची का पुनरीक्षण अगर ग्रामसभाओं के माध्यम से किया जाता, तो यह ज्यादा पारदर्शी और लोकतांत्रिक होता।”


“मोदी जो गुजरात में करते थे, वही अब दिल्ली से कर रहे हैं”

प्रेस कांफ्रेंस के दौरान तुषार गांधी ने कहा कि “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री रहते जिस शैली में काम करते थे, वही तानाशाही अब पूरे देश पर लागू कर दी गई है।” उन्होंने कहा कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर लगाम लगाई जा रही है और यूट्यूबर अजीत अंजुम पर मुकदमा इसका उदाहरण है।

उन्होंने यह भी कहा कि इंडिया गठबंधन के सभी दलों को एकजुट होकर मोदी सरकार को हटाना होगा, ताकि लोकतंत्र और संविधान की रक्षा की जा सके। तुषार गांधी ने घोषणा की कि वे 18 अगस्त से पश्चिमी चंपारण से अभियान का नया चरण शुरू करेंगे।

इस मौके पर गांधीवादी लेखिका सुजाता चौधरी और किसान नेता डॉ. सुनीलम भी उपस्थित थे।


“गांधी को भगवान मत बनाइए, इंसान रहने दीजिए”: टीएमबीयू में भावुक अपील

भागलपुर स्थित टीएमबीयू (तिलका मांझी भागलपुर विश्वविद्यालय) के गांधी विचार विभाग में आयोजित एक सभा में तुषार गांधी ने कहा,
“गांधी को भगवान मत बनाइए, इंसान रहने दीजिए। उनके विचारों को समझिए और जीवन में लागू कीजिए।”

सभा की शुरुआत में उन्होंने गांधी जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। विभागाध्यक्ष डॉ. अमित रंजन सिंह और डॉ. उमेश प्रसाद नीरज ने उनका स्वागत किया।


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