पटना : बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में एआईएमआईएम ने इस बार एक बार फिर शानदार प्रदर्शन किया है और पार्टी के पांच विधायक जीतकर आए हैं। एमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी पहले ही मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को विकास कार्यों को लेकर समर्थन देने की बात कह चुके हैं। वहीं, पार्टी के विधायक भी लगातार यह संकेत दे रहे हैं कि वे जनहित के मुद्दों पर सरकार के साथ खड़े होंगे।
सीएम आवास पर AIMIM विधायकों की मुलाकात
सोमवार को एआईएमआईएम के प्रदेश अध्यक्ष अख्तरुल ईमान के नेतृत्व में पार्टी के तीन विधायक मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात करने पहुंचे। इस अचानक हुई बैठक से राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। मुलाकात मुख्यमंत्री आवास पर हुई, जहां विधायकों ने अपने क्षेत्र से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर बातचीत की।
कोचाधामन में सैनिक स्टेशन पर जताई चिंता
अख्तरुल ईमान ने बताया कि सीमांचल के कोचाधामन क्षेत्र में सैनिक स्टेशन स्थापित किए जाने का प्रस्ताव है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पार्टी सैन्य प्रतिष्ठानों के खिलाफ नहीं है, लेकिन घनी आबादी वाले क्षेत्र में इसे स्थापित करना उचित नहीं होगा। इसी मुद्दे को लेकर तीनों विधायक सीएम से मिले और मांग रखी कि योजना को आबादी से दूर किसी उपयुक्त स्थान पर ले जाया जाए।
उन्होंने कहा—
“हम सैनिक स्टेशन के विरोधी नहीं हैं, लेकिन इसे घनी आबादी वाली जगह पर नहीं बनाया जाना चाहिए। हमने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि स्थान का पुनर्निर्धारण किया जाए।”
किन विधायकों ने की मुलाकात?
अख्तरुल ईमान के साथ जोकीहाट विधायक मो. मुर्शीद आलम और कोचाधामन विधायक सरवर आलम भी सीएम से मिलने पहुंचे।
कोचाधामन विधायक सरवर आलम ने मुख्यमंत्री को विस्तृत ज्ञापन सौंपते हुए बताया—
“सतभीट्टा, कन्हैयाबाड़ी, शकोर और नटवापाड़ा मौजा में प्रस्तावित सैनिक स्टेशन की वजह से स्थानीय लोगों की आजीविका, धार्मिक स्थल, कृषि-पशुपालन और प्राकृतिक परिवेश पर गंभीर प्रभाव पड़ सकता है। इसलिए घनी आबादी की जगह किसी अन्य उपयुक्त क्षेत्र का चयन किया जाए।”
सरवर आलम ने यह भी कहा कि क्षेत्र में नदी कटाव, भूस्खलन, बस्तियों के विस्थापन और किसानों की जमीन क्षति जैसी समस्याएँ लगातार बढ़ रही हैं, जिन पर भी मुख्यमंत्री को विस्तार से अवगत कराया गया।
नीतीश कुमार ने दिया आश्वासन
अख्तरुल ईमान ने बताया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सभी मुद्दों को गंभीरता से सुना और आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
उनके अनुसार—
“मुख्यमंत्री ने कहा कि वे पूरे मामले पर संबंधित विभागों से रिपोर्ट लेकर त्वरित निर्णय लेंगे।”
दो चुनावों से लगातार पाँच विधायक जीत रही AIMIM
गौरतलब है कि 2020 के विधानसभा चुनाव में भी एआईएमआईएम के पाँच विधायक जीते थे, हालांकि बाद में उनमें से चार आरजेडी में शामिल हो गए।
2025 में भी पार्टी ने पाँच सीटों पर जीत दर्ज की है। दूसरी ओर, एनडीए को प्रचंड बहुमत मिला है, लेकिन नीतीश कुमार ने अभी कैबिनेट में नौ मंत्रियों के लिए जगह खाली रखी है, जिनमें से छह पद जदयू के हिस्से में जा सकते हैं।
सियासी चर्चाएँ तेज
AIMIM विधायकों की सीएम से मुलाकात के बाद राजनीतिक हलकों में कई प्रकार की चर्चाएँ फिर से तेज हो गई हैं। हालांकि एआईएमआईएम विधायकों का कहना है कि मुलाकात पूरी तरह क्षेत्रीय मुद्दों और जनसमस्याओं के समाधान को लेकर थी।


