बिहार के मोतिहारी जिले के पताही थाना क्षेत्र से दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। यहां एक 20 वर्षीय युवती पर सोते वक्त एसिड अटैक किया गया, जिससे उसका चेहरा गंभीर रूप से झुलस गया। पीड़िता कोटवा कॉलेज में बीए पार्ट-3 की छात्रा है और यह हमला परिवार के पुराने विवाद से जुड़ा बताया जा रहा है।
सोते वक्त घर में घुसा आरोपी
पीड़िता की मां ने बताया कि सोमवार रात करीब 11 बजे वह अपनी बेटी के साथ घर में सो रही थीं। इसी दौरान कोई व्यक्ति दरवाजा खोलकर घर में घुसा, लाइट जलायी और सीधे लड़की के चेहरे पर तेजाब फेंक दिया, फिर मौके से फरार हो गया।
“मेरी बेटी अचानक चीखी—मां, मेरा चेहरा जल रहा है। मैंने देखा तो उसके चेहरे से धुआं उठ रहा था। हम कुछ समझ पाते, उससे पहले आरोपी भाग चुका था।”
— पीड़िता की मां
हालत गंभीर, निजी अस्पताल में इलाज
घटना के बाद परिजन और ग्रामीण घायल युवती को तत्काल कोटवा के एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। डॉक्टरों के अनुसार, युवती का चेहरा 40 प्रतिशत से अधिक झुलस चुका है और उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। आगे प्लास्टिक सर्जरी की जरूरत पड़ सकती है।
आरोपी दूर का रिश्तेदार
अस्पताल में पुलिस पूछताछ के दौरान पीड़िता ने बताया कि आरोपी उसका दूर का रिश्तेदार है, जो चाचा के परिवार से जुड़ा हुआ है। उसने बताया कि पहले दोनों के बीच बातचीत होती थी, लेकिन बाद में विवाद हो गया। इसी रंजिश में आरोपी ने यह हमला किया।
“वह दरवाजा खोलकर आया, लाइट जलायी और बिना कुछ बोले मेरे चेहरे पर एसिड फेंक दिया। दर्द असहनीय था।”
— पीड़िता
पहले पुलिस को नहीं दी गई थी सूचना
परिजनों ने शुरू में पुलिस को सूचना नहीं दी थी। मां का कहना है कि वे डर गए थे और आपसी विवाद सुलझाने की सोच रहे थे। हालांकि, अस्पताल प्रशासन ने युवती की हालत देखकर पताही थाना पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद मामला दर्ज किया गया।
पुलिस की कार्रवाई
पताही थानाध्यक्ष बबन कुमार ने बताया कि एफआईआर दर्ज कर ली गई है और आरोपी की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम गठित की गई है।
“सूचना में देरी हुई है, लेकिन अस्पताल की रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपी की तलाश जारी है और जल्द गिरफ्तारी होगी।”
— बबन कुमार, थानाध्यक्ष, पताही
इलाके में पहले भी हो चुकी है ऐसी घटना
स्थानीय लोगों के अनुसार, पताही थाना क्षेत्र में इससे पहले भी एसिड अटैक की घटनाएं हो चुकी हैं। ग्रामीण इलाकों में महिलाओं की सुरक्षा और एसिड की खुलेआम बिक्री को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
सामाजिक कार्यकर्ताओं की मांग
सामाजिक कार्यकर्ता रीता कुमारी ने कहा कि एसिड अटैक जैसे अपराधों पर सख्त कानून के बावजूद जागरूकता की कमी के कारण कई परिवार चुप रह जाते हैं। उन्होंने एसिड की बिक्री पर और सख्ती तथा पीड़ित परिवार को सरकारी सहायता देने की मांग की।


