दो बच्चों की निर्मम हत्या मामले में मां और प्रेमी को फांसी की सजा, कोर्ट ने बताया ‘रेयरेस्ट ऑफ रेयर’ केस

झंझारपुर (मधुबनी): मधुबनी के झंझारपुर कोर्ट ने दो मासूम बच्चों की निर्मम हत्या के बहुचर्चित मामले में बड़ा फैसला सुनाते हुए बच्चों की मां अनीता देवी (23) और उसके प्रेमी जयप्रकाश मंडल (35) को फांसी की सजा सुनाई है। जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश (द्वितीय) ने इस मामले को ‘रेयरेस्ट ऑफ रेयर’ श्रेणी में रखते हुए यह फैसला सुनाया।

कोर्ट ने दोनों दोषियों पर 50-50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। इसके अलावा साक्ष्य मिटाने के अपराध में दोनों को 7 वर्ष कठोर कारावास तथा 10-10 हजार रुपये जुर्माना भी सुनाया गया। जुर्माने की राशि बच्चों के पिता को देने का निर्देश दिया गया है।

यह फैसला झंझारपुर न्यायालय के इतिहास में बेहद अहम माना जा रहा है। बताया जा रहा है कि पहली बार किसी मामले में अदालत ने दोषियों को मृत्युदंड सुनाया है।

मामला 10 जुलाई 2023 का है। अभियोजन के अनुसार अनीता देवी अपने प्रेमी जयप्रकाश मंडल के साथ मिलकर अपने दोनों बच्चों को कार में बैठाकर घर से करीब 20 से 22 किलोमीटर दूर बलान नदी के पास स्थित ख्वाब पुल क्षेत्र में ले गई थी।

इसके बाद दोनों ने बेहद क्रूरता के साथ चार वर्षीय प्रिंस और 18 माह की सृष्टि की हत्या कर दी। हत्या के लिए बच्चों की गर्दन मरोड़ दी गई, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों ने सबूत मिटाने की नीयत से बच्चों के शव नदी में फेंक दिए

सुनवाई के दौरान अदालत ने माना कि यह अपराध सिर्फ हत्या नहीं, बल्कि ममता और मानवता के खिलाफ जघन्य अपराध है। अदालत ने अपने फैसले में कहा कि मासूम बच्चों की जिस निर्ममता से हत्या की गई, वह समाज को झकझोर देने वाली है और ऐसे मामलों में कठोरतम सजा आवश्यक है।

कोर्ट के इस फैसले के बाद पूरे इलाके में इस मामले की चर्चा तेज हो गई है। स्थानीय लोगों ने फैसले का स्वागत करते हुए इसे न्याय की बड़ी जीत बताया है।

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