4 साल बाद फिर खुली बेगूसराय की चर्चित वार्डन मौत की फाइल! IG विकास वैभव ने संभाली कमान, हाईकोर्ट के आदेश पर SIT की बड़ी कार्रवाई

बेगूसराय | बिहार के चर्चित रिंकू कुमारी संदिग्ध मौत मामले में चार साल बाद जांच ने एक बार फिर रफ्तार पकड़ ली है। पटना हाईकोर्ट के निर्देश पर गठित विशेष जांच दल (SIT) ने मंगलवार को घटनास्थल का गहन निरीक्षण किया। इस हाई-प्रोफाइल जांच की कमान खुद मगध रेंज के आईजी विकास वैभव ने संभाली। टीम ने वीरपुर स्थित कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय पहुंचकर हर उस स्थान की बारीकी से जांच की, जहां वर्ष 2021 में तत्कालीन वार्डन रिंकू कुमारी का शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिला था।

हाईकोर्ट के आदेश के बाद दोबारा शुरू हुई जांच

4 अप्रैल 2021 को वार्डन रिंकू कुमारी का शव विद्यालय परिसर के एक कमरे में फंदे से लटका मिला था। शुरुआती जांच में पुलिस ने इसे आत्महत्या मानते हुए 2024 में क्लोजर रिपोर्ट दाखिल कर दी थी। लेकिन मृतका की बेटी तेजस्विनी कुमारी ने जांच पर सवाल उठाते हुए पटना हाईकोर्ट में याचिका दायर की। अदालत ने मामले की दोबारा निष्पक्ष जांच के लिए SIT गठित करने का आदेश दिया।

विकास वैभव ने खुद किया घटनास्थल का निरीक्षण

आईजी विकास वैभव के नेतृत्व में SIT ने विद्यालय परिसर, छात्रावास, छत तक जाने वाले रास्ते, सुरक्षा व्यवस्था और उस कमरे का निरीक्षण किया जहां शव मिला था। टीम ने विद्यालय में तैनात सुरक्षा गार्ड से भी लंबी पूछताछ की और घटना से जुड़े अहम बिंदुओं की जानकारी जुटाई।

पुरानी केस डायरी से लेकर फॉरेंसिक रिपोर्ट तक की होगी जांच

आईजी विकास वैभव ने कहा कि हाईकोर्ट के निर्देशानुसार मामले की वैज्ञानिक और निष्पक्ष जांच की जा रही है। पुरानी केस डायरी, फॉरेंसिक रिपोर्ट, वैज्ञानिक साक्ष्य और सभी गवाहों के बयानों की दोबारा समीक्षा की जा रही है। यदि जांच में कोई नया तथ्य सामने आता है तो उसके आधार पर आगे कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

बेटी का दावा—’मां ने आत्महत्या नहीं, हत्या हुई थी’

मृतका की बेटी तेजस्विनी कुमारी ने एक बार फिर दावा किया कि उनकी मां की आत्महत्या नहीं हुई थी, बल्कि उनकी हत्या की गई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि करीब 15 लाख रुपये के लेन-देन के विवाद में उनकी मां की हत्या की गई और दोषियों को बचाने की कोशिश हुई। उन्होंने निष्पक्ष जांच और सभी आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

अब सबकी नजर SIT की रिपोर्ट पर

चार साल से चर्चा में रहे इस मामले में SIT की सक्रियता को बड़ा कदम माना जा रहा है। अब यह देखना अहम होगा कि नई जांच में कौन-कौन से नए तथ्य सामने आते हैं और क्या रिंकू कुमारी की मौत का सच आखिरकार सामने आ पाएगा।

  • ये भी पढ़े..

    पुलिस में बड़ा फेरबदल: SSP ने 39 पुलिस पदाधिकारियों का किया तबादला, कई थानों के बदले प्रभारी

    Share Add as a preferred…

    BSSC कार्यालय पर अभ्यर्थियों का बड़ा प्रदर्शन: आयोग के गेट पर जड़ा ताला, लंबित भर्तियों और रिजल्ट को लेकर फूटा गुस्सा

    Share Add as a preferred…