भागलपुर | 22 अक्टूबर 2025: बिहार विधान सभा आम निर्वाचन 2025 को स्वतंत्र, निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने की दिशा में भागलपुर प्रशासन ने तैयारी तेज कर दी है। इसी क्रम में बुधवार को समाहरणालय स्थित समीक्षा भवन में व्यय कोषांग के अंतर्गत प्रतिनियुक्त सभी पदाधिकारियों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया।
कार्यक्रम अपराह्न 12:30 बजे से शुरू हुआ, जिसमें AEO, Accounting Team, FST, SST, VST और VVT के सदस्यों को प्रत्यक्ष और ऑनलाइन दोनों माध्यमों से प्रशिक्षण दिया गया।
अधिकारियों को सौंपी गई जिम्मेदारियां
इस मौके पर प्रशिक्षण कोषांग के वरीय पदाधिकारी, नोडल पदाधिकारी जिला व्यय अनुश्रवण कोषांग तथा DIO, NIC ने उपस्थित सभी कर्मियों को उनके कर्तव्यों और दायित्वों की विस्तृत जानकारी दी।
कार्यक्रम की अध्यक्षता अपर समाहर्ता राकेश रंजन और अपर आयुक्त (अंचल-2) संजीत कुमार ने की।
अधिकारियों ने बताया कि इस बार चुनाव में प्रत्येक प्रत्याशी के निर्वाचन व्यय की अधिकतम सीमा 40 लाख रुपये निर्धारित की गई है। इसके पालन पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।
हर रैली, सभा और रोड शो पर रहेगी वीडियो निगरानी
प्रशिक्षण के दौरान यह स्पष्ट किया गया कि निर्वाचन की घोषणा के बाद राजनीतिक दलों और प्रत्याशियों द्वारा आयोजित सभी जनसभाओं, रैलियों, रोड शो तथा प्रचार कार्यक्रमों की वीडियोग्राफी वीडियो निगरानी दल (VST) की सहायता से की जाएगी।
इसका उद्देश्य चुनावी खर्च के पारदर्शी आकलन और संभावित उल्लंघनों की रोकथाम सुनिश्चित करना है।
उड़न दस्ते को मिली सख्त जिम्मेदारी
उड़न दस्ता (FST) को आदर्श आचार संहिता उल्लंघन से लेकर नकदी, शराब, हथियार या मतदाताओं को प्रभावित करने वाली गतिविधियों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
निर्वाचन अवधि में संदिग्ध गतिविधियों, डराने-धमकाने, असामाजिक तत्वों की आवाजाही या रिश्वत के प्रयोजनार्थ नकदी ले जाने जैसी शिकायतों पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।
पारदर्शी चुनाव का लक्ष्य
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि निर्वाचन प्रक्रिया के दौरान सभी टीमों का उद्देश्य है —
“हर खर्च का पारदर्शी लेखा-जोखा और भयमुक्त मतदान।”
प्रशासन ने कहा कि भागलपुर जिले में इस बार मतदान पूरी निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ संपन्न कराया जाएगा।


