पटना | मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा है कि राज्य की महिलाओं को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से शुरू की गई मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना अब अपने दूसरे चरण में प्रवेश कर रही है। उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत अब तक 1 करोड़ 56 लाख महिलाओं के खातों में 10 हजार रुपये की राशि डीबीटी के माध्यम से भेजी जा चुकी है।
मुख्यमंत्री ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए जानकारी दी कि ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में जिन महिलाओं को अब तक राशि नहीं मिल सकी है, उन्हें भी नियमानुसार जल्द ही डीबीटी के माध्यम से सहायता राशि भेजी जाएगी।
6 महीने बाद मिलेगा 2 लाख तक का अतिरिक्त सहयोग
मुख्यमंत्री ने बताया कि योजना के तहत जिन महिलाओं ने प्रारंभिक 10 हजार रुपये से रोजगार शुरू किया है, उनके कामकाज का 6 महीने बाद मूल्यांकन किया जाएगा। इसके बाद जरूरत के अनुसार उन्हें 2 लाख रुपये तक की अतिरिक्त वित्तीय सहायता दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि इस अतिरिक्त राशि के भुगतान की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। यह सहायता किस्तों में दी जाएगी, लेकिन जिन महिलाओं का रोजगार सफलतापूर्वक चल रहा है, उन्हें एकमुश्त राशि भी दी जा सकती है।
महिलाओं के उत्पादों की मार्केटिंग भी सरकार करेगी
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बताया कि संबंधित विभाग को निर्देश दिया गया है कि महिला लाभार्थियों द्वारा तैयार किए गए उत्पादों की मार्केटिंग की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए।
साथ ही उन्हें विभिन्न सरकारी कार्यों से जोड़ा जाएगा, जैसे—
- पोशाक निर्माण
- सुधा बिक्री केंद्र
- दीदी की रसोई
ताकि उन्हें स्थायी बाजार और आय का स्रोत मिल सके।
राज्य में ही मिलेंगे रोजगार के अवसर
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना से महिलाओं की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और उन्हें रोजगार के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा। इससे राज्य के अंदर ही स्वरोजगार और आजीविका के नए अवसर तैयार होंगे।


