
पटना/बिहार: भीषण गर्मी से जूझ रहे बिहार में मौसम ने अचानक करवट ले ली है। तेज आंधी, बारिश और बिजली गिरने की घटनाओं ने जहां लोगों को तपती गर्मी से राहत दी है, वहीं कई जिलों में नुकसान और हादसों की खबरों ने चिंता भी बढ़ा दी है। मौसम विभाग ने स्थिति को देखते हुए पूरे राज्य के सभी जिलों के लिए अलर्ट जारी किया है, जिससे आने वाले घंटों में मौसम और बिगड़ने की आशंका जताई जा रही है।
बुधवार को राज्य के कई हिस्सों में मौसम ने अचानक रुख बदला। राजधानी पटना समेत लगभग 20 जिलों में तेज हवा के साथ बारिश हुई। कई जगहों पर धूल भरी आंधी चली, जिससे दृश्यता कम हो गई और जनजीवन प्रभावित हुआ। तेज हवाओं के कारण पेड़ उखड़कर सड़कों और घरों पर गिर गए, जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
आंधी-बारिश के बीच कई जगह हादसे
तेज हवा और बारिश के चलते कई जिलों में अलग-अलग घटनाएं सामने आई हैं। बक्सर में एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया, जब तेज हवा के कारण एक विशाल पेड़ ई-रिक्शा पर गिर पड़ा। उस समय उसमें कई लोग सवार थे, जिन्हें हल्की चोटें आईं। स्थानीय लोगों की मदद से सभी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
इसी तरह स्टेशन रोड पर एक पेड़ दुकान पर गिर गया, हालांकि वहां किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। रघुनाथपुर रेलवे स्टेशन के पास भी पेड़ की टहनी गिरने से रेलवे संपत्ति को नुकसान पहुंचा।
दानापुर में तेज आंधी के कारण एक इमारत की दीवार गिर गई, जिसके नीचे दबकर दो लोगों की मौत हो गई। यह घटना इस बात का संकेत है कि मौसम का यह बदलाव कितना खतरनाक हो सकता है।
बिजली गिरने और पेड़ गिरने की घटनाएं
सुपौल जिले में आकाशीय बिजली गिरने से एक नारियल के पेड़ में आग लग गई। हालांकि इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, लेकिन यह घटना मौसम की गंभीरता को दर्शाती है।
मुजफ्फरपुर में तेज हवा के कारण एक विशाल पीपल का पेड़ एक घर पर गिर गया, जिससे मकान को भारी नुकसान हुआ। वहीं पटना के कई इलाकों में बारिश के बाद जलजमाव की समस्या भी सामने आई, जिससे यातायात प्रभावित हुआ।
पूरे बिहार में अलर्ट, कई जिलों में ऑरेंज और येलो चेतावनी
मौसम विभाग ने गुरुवार के लिए पूरे राज्य में अलर्ट जारी किया है। 38 जिलों में से 19 जिलों में ऑरेंज अलर्ट और बाकी 19 जिलों में येलो अलर्ट घोषित किया गया है। विभाग ने चेतावनी दी है कि 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।
इसके अलावा कई जगहों पर गरज के साथ बारिश, बिजली गिरने और कुछ इलाकों में ओलावृष्टि की संभावना भी जताई गई है। खासतौर पर सीमावर्ती जिलों जैसे किशनगंज, मधुबनी और सीतामढ़ी में भारी बारिश की आशंका जताई गई है।
पटना में आज भी बदलते मौसम के संकेत
राजधानी पटना में गुरुवार को आसमान में बादल छाए रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार दिनभर बीच-बीच में गरज के साथ बारिश हो सकती है। हालांकि बारिश के बाद उमस बढ़ने की भी संभावना जताई गई है, जिससे लोगों को थोड़ी असहजता महसूस हो सकती है।
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि 3 मई तक राज्य में प्री-मानसून गतिविधियां जारी रहेंगी। इस दौरान आंधी, बारिश और बिजली गिरने की घटनाएं लगातार होती रह सकती हैं।
तापमान में गिरावट से मिली राहत
पिछले 24 घंटों में राज्य के अधिकतम तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की गई है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली है। हालांकि कुछ जिले अभी भी गर्म बने हुए हैं।
कैमूर जिला सबसे अधिक तापमान के साथ शीर्ष पर रहा, जहां 41.8 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा गया, रोहतास, सारण और औरंगाबाद में भी तापमान 37 से 38 डिग्री के बीच दर्ज किया गया।
लोगों के लिए जरूरी सावधानियां
मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। खासकर खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों पर जाने से बचने को कहा गया है। बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की गई है।
तेज हवा के दौरान घरों की खिड़कियां और दरवाजे बंद रखने, ढीली वस्तुओं को सुरक्षित करने और अनावश्यक यात्रा से बचने की भी सलाह दी गई है।
मौसम का बदला मिजाज: राहत और खतरा दोनों
बिहार में मौसम का यह बदलाव एक तरफ जहां गर्मी से राहत लेकर आया है, वहीं दूसरी तरफ यह खतरे की घंटी भी साबित हो रहा है। अचानक आई आंधी और बारिश ने यह दिखा दिया है कि मौसम के बदलते मिजाज को हल्के में लेना खतरनाक हो सकता है।
फिलहाल राज्यभर में प्रशासन अलर्ट मोड पर है और लोगों से सावधानी बरतने की अपील की जा रही है। आने वाले दिनों में मौसम कैसा रहेगा, इस पर सभी की नजर बनी हुई है।
कुल मिलाकर, बिहार में मौसम ने राहत और परेशानी दोनों का मिश्रण पेश किया है। जहां तापमान में गिरावट से लोगों को सुकून मिला है, वहीं आंधी-बारिश के कारण हुई घटनाओं ने सतर्क रहने की जरूरत को और बढ़ा दिया है।


