
भागलपुर। जिले के गोराडीह प्रखंड अंतर्गत लोदीपुर थाना क्षेत्र के विशनपुर जिछो गांव में नवनिर्मित विशाल सनातन मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव को लेकर धार्मिक उत्साह चरम पर है। मंदिर परिसर से सोमवार को भव्य कलश शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाओं, पुरुषों और युवाओं ने श्रद्धा और उत्साह के साथ भाग लिया। धार्मिक ध्वज, पारंपरिक वाद्य यंत्रों, आकर्षक झांकियों और जयकारों से पूरा क्षेत्र भक्तिमय माहौल में डूब गया। गांव की गलियां श्रद्धालुओं से भर गईं और वातावरण पूरी तरह आध्यात्मिक रंग में रंगा नजर आया।
ग्रामीणों के अनुसार विशनपुर जिछो गांव में निर्मित यह भव्य सनातन मंदिर अपनी आकर्षक वास्तुकला और विशाल स्वरूप के कारण लोगों के बीच विशेष आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। मंदिर का निर्माण स्मृतिशेष विजय प्रसाद सिंह और गायत्री देवी की स्मृति में उनके पुत्र रणवीर कुमार द्वारा कराया गया है। ग्रामीणों का कहना है कि यह मंदिर केवल पूजा-अर्चना का केंद्र नहीं होगा, बल्कि भविष्य में धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक गतिविधियों का भी प्रमुख स्थल बनेगा।
प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव के पहले दिन मंदिर प्रांगण से निकली कलश शोभायात्रा में सैकड़ों श्रद्धालु शामिल हुए। महिलाओं ने पारंपरिक वेशभूषा में सिर पर कलश धारण कर यात्रा में भाग लिया, जबकि पुरुष और युवा धार्मिक ध्वज लेकर चल रहे थे। यात्रा के दौरान विभिन्न देवी-देवताओं की मनमोहक झांकियां भी प्रस्तुत की गईं, जिन्हें देखने के लिए रास्ते भर लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। कई स्थानों पर ग्रामीणों ने शोभायात्रा का पुष्पवर्षा कर स्वागत किया।
पूरे मार्ग में श्रद्धालु भक्ति गीतों और धार्मिक नारों के साथ आगे बढ़ते रहे। ढोल-नगाड़ों और शंखनाद की गूंज से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय बना रहा। छोटे बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी आयु वर्ग के लोग इस धार्मिक आयोजन का हिस्सा बने। गांव के अलावा आसपास के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु इस अवसर पर पहुंचे।
धार्मिक आयोजन को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए लोदीपुर थाना पुलिस भी पूरी तरह सक्रिय रही। शोभायात्रा के दौरान यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल विभिन्न स्थानों पर तैनात रहा। पुलिसकर्मियों ने श्रद्धालुओं की आवाजाही को सुचारु बनाए रखने के साथ-साथ सुरक्षा व्यवस्था पर भी लगातार नजर रखी। प्रशासन की मौजूदगी से पूरे आयोजन का संचालन व्यवस्थित तरीके से होता दिखाई दिया।
आयोजन समिति के अनुसार सोमवार की संध्या में मंदिर परिसर में पैगाम प्रवेश, पंचांग पूजन और वेदी स्थापना जैसे महत्वपूर्ण धार्मिक अनुष्ठान संपन्न किए जाएंगे। इन वैदिक विधानों के साथ प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव के मुख्य कार्यक्रमों का औपचारिक शुभारंभ होगा। विद्वान आचार्यों के निर्देशन में सभी धार्मिक अनुष्ठान पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार संपन्न कराए जा रहे हैं।
मंगलवार को इस महोत्सव का सबसे महत्वपूर्ण कार्यक्रम प्राण प्रतिष्ठा महायज्ञ आयोजित होगा। वैदिक मंत्रोच्चारण और विशेष पूजा-अर्चना के बीच मंदिर में स्थापित होने वाले देवी-देवताओं के विग्रहों की प्राण प्रतिष्ठा की जाएगी। इस अवसर पर दूर-दराज से पहुंचे श्रद्धालु और यजमान धार्मिक अनुष्ठानों में भाग लेंगे। आयोजन समिति ने बताया कि सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और कार्यक्रम को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह है।
प्राण प्रतिष्ठा के साथ ही मंदिर परिसर में 24 घंटे का अखंड अष्टयाम महाकीर्तन भी शुरू होगा। इस दौरान भजन-कीर्तन और धार्मिक संकीर्तन के माध्यम से पूरे क्षेत्र में भक्ति का वातावरण बना रहेगा। विभिन्न कीर्तन मंडलियां अपनी प्रस्तुतियों से श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक अनुभव कराएंगी। आयोजकों का कहना है कि अखंड नाम संकीर्तन से पूरे गांव में सकारात्मक ऊर्जा और धार्मिक वातावरण का संचार होगा।
महोत्सव के अंतिम दिन 8 जुलाई, बुधवार को महाहवन, पूर्णाहुति और प्रसाद वितरण का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। वैदिक परंपराओं के अनुसार महायज्ञ की पूर्णाहुति के बाद श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद वितरित किया जाएगा। आयोजन समिति ने आसपास के गांवों सहित सभी श्रद्धालुओं से कार्यक्रम में शामिल होकर धार्मिक अनुष्ठानों का लाभ लेने की अपील की है।
मंदिर निर्माणकर्ता रणवीर कुमार ने बताया कि इस मंदिर का निर्माण उनके माता-पिता की स्मृति को समर्पित है। उनका उद्देश्य केवल एक धार्मिक स्थल का निर्माण करना नहीं था, बल्कि ऐसा आध्यात्मिक केंद्र विकसित करना था जहां आने वाली पीढ़ियां भी सनातन संस्कृति, धार्मिक परंपराओं और सामाजिक मूल्यों से जुड़ सकें। उन्होंने कहा कि गांव के लोगों के सहयोग और आशीर्वाद से यह सपना साकार हो सका।
स्थानीय ग्रामीणों ने भी मंदिर निर्माण को गांव के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि बताया। उनका कहना है कि इस भव्य मंदिर के बनने से क्षेत्र की धार्मिक पहचान मजबूत होगी और विभिन्न धार्मिक आयोजनों के माध्यम से सामाजिक एकता को भी बढ़ावा मिलेगा। ग्रामीणों ने उम्मीद जताई कि भविष्य में यहां नियमित रूप से धार्मिक प्रवचन, भजन संध्या, सांस्कृतिक कार्यक्रम और सामाजिक गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।
प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव को लेकर पूरे विशनपुर जिछो गांव में उत्सव जैसा माहौल है। घरों और मंदिर परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया गया है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पेयजल, विश्राम और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं भी की गई हैं। आयोजन समिति के सदस्य लगातार तैयारियों में जुटे हुए हैं ताकि आने वाले सभी श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
धार्मिक आस्था, सामुदायिक सहयोग और सनातन परंपराओं के संगम का यह आयोजन क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की भागीदारी और सुव्यवस्थित आयोजन ने इस महोत्सव को विशेष बना दिया है। आने वाले दो दिनों तक चलने वाले विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों के साथ विशनपुर जिछो गांव पूरी तरह भक्ति और आध्यात्मिक वातावरण में सराबोर रहेगा।


