धार्मिक अनुशासन, सांस्कृतिक विरासत और प्रशासनिक सजगता की बनी मिसाल
पीरपैंती (भागलपुर), 1 जुलाई 2025:मुहर्रम की पांचवीं तारीख के अवसर पर पीरपैंती प्रखंड के विभिन्न थाना क्षेत्रों के इमामबाड़ों से पारंपरिक जुलूस श्रद्धा और उत्साह के साथ निकाला गया। इस जुलूस में स्थानीय युवाओं ने केला काटने की रस्म निभाई और लाठी खेल का रोमांचक प्रदर्शन कर दर्शकों का दिल जीत लिया।
ढोल-ताशों की गूंज और नारे-तक़बीर के बीच जुलूस का वातावरण आध्यात्मिक और भावनात्मक रूप से अत्यंत प्रभावशाली रहा। क्षेत्र के ग्रामीणों और नगरवासियों की बड़ी भागीदारी ने आयोजन को और भी भव्य बना दिया।
सुरक्षा के पुख्ता इंतज़ाम
जुलूस के दौरान प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहा। पीरपैंती थाना अध्यक्ष नीरज कुमार और इशिपुर थाना अध्यक्ष चंदन कुमार सुरक्षा बलों के साथ मौके पर मुस्तैद रहे और पूरे कार्यक्रम की सतत निगरानी की। कहीं से किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली।
स्थानीय जनता की प्रशंसा
स्थानीय लोगों ने शांतिपूर्ण और अनुशासित ढंग से निकाले गए जुलूस की सराहना करते हुए प्रशासन की भूमिका की भी प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि धार्मिक परंपराओं को सहेजते हुए युवाओं ने अनुशासन का परिचय दिया, जो आने वाली पीढ़ियों के लिए एक प्रेरणा है।
मुहर्रम इस्लामी कैलेंडर का पहला महीना है और इस दौरान इमाम हुसैन की शहादत की याद में ताज़िया, मातम और जुलूस जैसे आयोजन होते हैं। पीरपैंती क्षेत्र में वर्षों से चली आ रही यह परंपरा आज भी सांप्रदायिक सौहार्द और सामाजिक एकता का प्रतीक बनी हुई है।


