
भागलपुर: विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला-2026 के सफल, सुरक्षित और सुव्यवस्थित आयोजन को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। सोमवार को सुल्तानगंज नगर परिषद सभागार में जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने संयुक्त ब्रीफिंग कर मेला ड्यूटी में तैनात अधिकारियों एवं पुलिस पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक में पर्यटन विभाग के सचिव प्रदीप सिंह समेत जिला प्रशासन और पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक में उप विकास आयुक्त, अपर समाहर्ता, सदर अनुमंडल पदाधिकारी, विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी, पुलिस पदाधिकारी तथा श्रावणी मेला से जुड़े सभी संबंधित अधिकारियों ने भाग लिया।
श्रद्धालुओं की सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता: डीएम
जिलाधिकारी ने कहा कि श्रावणी मेला विश्व के सबसे बड़े धार्मिक आयोजनों में से एक है। ऐसे में सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुगम एवं सुविधाजनक माहौल उपलब्ध कराएं। उन्होंने भीड़ प्रबंधन, स्वच्छता, पेयजल, स्वास्थ्य सेवाएं, बिजली, यातायात, पार्किंग, कंट्रोल रूम और सूचना एवं सहायता केंद्रों के सुचारु संचालन पर विशेष जोर दिया।
उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया कि मेला अवधि के दौरान नियमित रूप से क्षेत्र का निरीक्षण करें और किसी भी समस्या का तत्काल समाधान सुनिश्चित करें।
सुरक्षा व्यवस्था पर रहेगा विशेष फोकस
पुलिस अधीक्षक ने मेला क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करते हुए संवेदनशील स्थानों पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती, सीसीटीवी कैमरों से 24 घंटे निगरानी, महिला सुरक्षा, यातायात नियंत्रण और किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी पुलिस अधिकारियों से पूरी सतर्कता और जिम्मेदारी के साथ ड्यूटी निभाने की अपील की।
पर्यटन सचिव ने दिए समन्वय के निर्देश
पर्यटन विभाग के सचिव प्रदीप सिंह ने कहा कि श्रावणी मेला बिहार की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान का महत्वपूर्ण प्रतीक है। उन्होंने सभी विभागों से संवेदनशीलता और बेहतर समन्वय के साथ कार्य करने का आह्वान किया ताकि देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर अनुभव मिल सके। उन्होंने राज्य सरकार की ओर से हर संभव सहयोग का भी भरोसा दिलाया।
शेष तैयारियां जल्द पूरी करने का निर्देश
बैठक में विभिन्न विभागों द्वारा अब तक की गई तैयारियों की समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि सभी लंबित कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरे किए जाएं और मेले के दौरान व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी रखी जाए।
जिला प्रशासन ने विश्वास जताया कि सभी विभागों के समन्वित प्रयास से श्रावणी मेला-2026 का आयोजन सुरक्षित, व्यवस्थित और श्रद्धालुओं के लिए यादगार बनाया जाएगा।


