प्रशांत किशोर की बढ़ीं मुश्किलें! बीजेपी सांसद संजय जायसवाल को ‘टुटपुंजिया नेता’ और ‘तेल चोर’ कहना पड़ा महँगा 

बिहार की राजनीति में एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। जन सुराज के सूत्रधार Prashant Kishor की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। बेतिया व्यवहार न्यायालय ने मानहानि मामले में उन्हें अदालत में उपस्थित होकर अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया है। यह मामला भाजपा सांसद Sanjay Jaiswal की छवि धूमिल करने के आरोप से जुड़ा है।

सांसद संजय जायसवाल की ओर से दायर मानहानि वाद में आरोप लगाया गया है कि प्रशांत किशोर ने विभिन्न सार्वजनिक मंचों, प्रेस कॉन्फ्रेंस और सोशल मीडिया के माध्यम से उनकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने वाले बयान दिए। मामले की सुनवाई के दौरान अदालत में पेश गवाह ने शपथ पत्र देकर कई अहम दावे किए हैं।

गवाह के अनुसार, 26 अगस्त 2025 को पश्चिम चंपारण के कुरिया कोठी इलाके में आयोजित सभा के दौरान प्रशांत किशोर ने संजय जायसवाल को “टुटपुंजिया नेता” कहा था। साथ ही उन पर अपने पेट्रोल पंप को लाभ पहुंचाने के लिए छावनी ओवरब्रिज का एलाइनमेंट बदलवाने का आरोप लगाया था।

यही नहीं, गवाह ने अदालत को बताया कि 13 सितंबर 2025 को आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में सांसद पर “तेल चोर” होने और नगर निगम के तेल बिल में घोटाले का आरोप भी लगाया गया था। बाद में 19 सितंबर 2025 को जन सुराज के आधिकारिक यूट्यूब चैनल और अन्य माध्यमों से भी ऐसे आरोप दोहराए गए।

संजय जायसवाल के अधिवक्ता चंद्रिका कुशवाहा ने बताया कि अदालत ने मामले के दूसरे पक्ष को सुनना जरूरी समझते हुए प्रशांत किशोर को नोटिस जारी किया है। अब आगामी सुनवाई में उन्हें अदालत के समक्ष उपस्थित होकर अपना जवाब देना होगा। इसके बाद अदालत आगे की कार्रवाई पर निर्णय लेगी।

इस मामले ने बिहार की राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी है। अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि अदालत में प्रशांत किशोर क्या जवाब देते हैं और मानहानि केस किस दिशा में आगे बढ़ता है।

  • ये भी पढ़े..

    मालदा रेलवे अस्पताल में आध्यात्मिक सत्र का आयोजन, कर्मचारियों को सेवा, अनुशासन और सकारात्मक सोच का मिला संदेश

    Share Add as a preferred…

    वैशाली में जमीन विवाद ने लिया खूनी मोड़! फायरिंग में महिला को लगी गोली, तीन लोग घायल

    Share Add as a preferred…