
नवगछिया/भागलपुर, 24 मई 2026। नवगछिया पुलिस जिला प्रक्षेत्र के भीतरी प्रशासनिक विन्यास को नया सुगठित मोड़ देते हुए भारतीय पुलिस सेवा के प्रखर अधिकारी वैभव शर्मा ने शनिवार को नवगछिया के नए पुलिस अधीक्षक (SP) के विधिक पद पर अपना योगदान मुकम्मल कर लिया है। कार्यभार ग्रहण करने के तुरंत बाद नवगछिया पुलिस कमान केंद्र के मुख्य केबिन में आयोजित एक विस्तृत प्रेस वार्ता के दौरान नए एसपी ने अंचल के भीतर अपराधियों के नेटवर्क को पूरी कड़ाई से ध्वस्त करने का कड़ा संकल्प पटल पर रखा। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में रेखांकित किया कि उनके कार्यकाल का सर्वोपरि नीतिगत लक्ष्य संपूर्ण नवगछिया अनुमंडल के भीतर एक पूर्णतः सुरक्षित, पारदर्शी और भयमुक्त समाज का निर्माण करना है। नए कप्तान के इस प्रशासनिक विस्थापन और आक्रामक तेवरों के लाइव होते ही प्रक्षेत्र के भीतर सक्रिय कतिपय आपराधिक सिंडिकेट्स, भू-माफियाओं और अवैध शराब तस्करों के भीतरी गलियारों में सांगठनिक खौफ की अवस्थिति साफ तौर पर परिलक्षित होने लगी है।
शातिर अपराधियों की जमानत निरस्तीकरण और स्पीडी ट्रायल पर कड़ा विनिर्देश
एसपी वैभव शर्मा ने अपनी रणनीतिक प्राथमिकताओं की केस डायरी को सार्वजनिक करते हुए स्पष्ट किया कि प्रक्षेत्र के भीतर कानून व्यवस्था की शुचिता से किसी भी स्तर पर कोई आंशिक समझौता या लिपिकीय ढिलाई कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने बताया कि जेल की अभेद्य चहारदीवारी के भीतर बंद कतिपय शातिर और पेशेवर अपराधियों के विरुद्ध एक विशेष कानूनी ग्रिड सक्रिय किया जाएगा। अक्सर यह सांख्यिकी देखी जाती है कि शातिर अपराधी जेल से जमानत (बेल) पर बाहर आते ही दोबारा अपने पुराने गिरोहों को सक्रिय कर अंचल की शांति को मलबे में तब्दील करने का प्रयास करते हैं।
इस विसंगति को पूरी तरह से ब्लॉक करने के उद्देश्य से नवगछिया पुलिस ऐसे तमाम कुख्यात दागियों की जमानत को सक्षम न्यायालयों के माध्यम से विधिक रूप से निरस्त (बेल कैंसिलेशन) कराने की संचिकाओं को प्रखरता से आगे बढ़ाएगी। इसके समानांतर, लंबित गंभीर कांडों के त्वरित निष्पादन और अपराधियों को न्यूनतम समय-सीमा के भीतर कड़क सजा दिलाने के वास्ते वैज्ञानिक अनुसंधान के साक्ष्यों के आधार पर ‘स्पीडी ट्रायल’ (त्वरित विधिक सुनवाई) के विन्यासों को लाउड मोड पर सक्रिय किया जाएगा, ताकि कानून की हनक धरातल पर लाइव देखी जा सके। इसके साथ ही, बिहार सरकार की सर्वोपरि नीति यानी पूर्ण शराबबंदी कानून को नवगछिया के सीमावर्ती अंचलों में शत-प्रतिशत सफल विनिर्मित करना पुलिस कप्तानों के प्राथमिक एजेंडे में संधारित रहेगा, जिसके लिए दियारा प्रक्षेत्र और मुख्य अंतर्प्रांतीय सीमाओं पर अत्याधुनिक चेकिंग ग्रिड मुस्तैद किए जाएंगे।
एनएच 31 पर सुरक्षा चक्रव्यूह और विक्रमशिला सेतु संकट के बीच घाटों पर पुलिसिया मुस्तैदी
भौगोलिक दृष्टिकोण से नवगछिया का अंचल राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 31 (NH 31) के मुहाने पर अवस्थित संधारित है, जो इसे पूरे उत्तर-पूर्वी भारत का एक सर्वोपरि परिवहन हॉट-स्पॉट विनिर्मित करता है। हाईवे पर होने वाली सड़क दुर्घटनाओं की सांख्यिकी को मंद करने और ‘रोड क्राइम’ यानी हाइवे लुटेरों के सिंडिकेट को पूरी कड़ाई से ब्लॉक करने के वास्ते एनएच पर 24 घंटे गश्ती गाड़ियों की मुस्तैदी लाइव रखी जाएगी, साथ ही स्थानीय बाजारों की यातायात विसंगतियों और कनिष्ठ व्यवसायियों की सुरक्षा समस्याओं पर विशेष ध्यान केंद्रित रहेगा।
इसके अतिरिक्त, वर्तमान समय में भागलपुर और नवगछिया को जोड़ने वाला सुप्रसिद्ध विक्रमशिला सेतु तकनीकी रूप से क्षतिग्रस्त (टूटा हुआ) संधारित है, जिसके कारण पुल के विन्यास पर भारी वाहनों का संचरण पूरी तरह से म्यूट किया जा चुका है। पुल के इस संकट के कारण अंचल के हजारों आम मुसाफिरों, कनिष्ठ राहगीरों और आवश्यक सप्लायर्स को गंगा नदी पार करने के वास्ते स्थानीय गंगा घाटों और स्टीमर/नाव प्रणालियों की ओर बड़े पैमाने पर डाइवर्ट होना पड़ रहा है। इस भौगोलिक विवशता का अनुचित लाभ उठाकर कतिपय स्थानीय घाट संचालक या दबंग तत्व मुसाफिरों से अवैध वसूली या अभद्र व्यवहार न कर सकें, इसके लिए नए एसपी ने विनिर्देश जारी किया है कि सभी मुख्य गंगा घाटों के मुहाने पर सशस्त्र पुलिस बलों और कनिष्ठ चौकियों को ससमय मुस्तैद किया जाएगा, ताकि यात्रियों की सुरक्षा ग्रिड पूरी तरह अभेद्य संधारित बनी रहे।
बकरीद में अमन-चैन, बाढ़ आपदा सहयोग और थानों में फरियादियों का त्वरित विधिक समाधान
आगामी समय सारणी के भीतर आने वाले महत्वपूर्ण बकरीद त्योहार को लेकर भी एसपी वैभव शर्मा ने शांति समिति के कप्तानों और थानों के विंग्स को अलर्ट मोड पर रहने का विनिर्देश हस्तगत कराया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि त्योहार के दौरान अंचल की सांप्रदायिक शुचिता और अमन-चैन को ठेस पहुंचाने वाले कतिपय असामाजिक तत्वों और सोशल मीडिया के डिजिटल पटलों पर भ्रामक डेटा डंप करने वाले पेडलर्स पर साइबर सेल की पैनी स्क्रूटनी लाइव रहेगी। इसके समानांतर, मानसून के आगमन के साथ ही नवगछिया और कोसी प्रक्षेत्र के भीतर आने वाली विनाशकारी बाढ़ की विभीषिका से निपटने के लिए भी पुलिस प्रशासन एक प्री-एक्टिव सुरक्षा कवच विनिर्मित कर रहा है। बाढ़ के मलबे और जलीय आपदा के समय फंसे हुए ग्रामीण नागरिकों, महिलाओं और कमजोर तबकों को राहत शिविरों तक सुरक्षित स्थानांतरित करने और भोजन व चिकित्सा की रसद आपूर्ति सुचारू रखने में पुलिस बल अग्रिम मोर्चे पर मुस्तैद रहकर प्रशासनिक सहयोग सुनिश्चित करेगा।
अंत में, आम जनता और पुलिस के बीच संधारित होने वाले विश्वास के ताने-बाने को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से एसपी वैभव शर्मा ने थानों की कार्यप्रणाली में एक क्रांतिकारी रिफॉर्म लाइन-अप किया है। उन्होंने कड़े विनिर्देशों के तहत स्पष्ट किया कि नवगछिया पुलिस जिले के किसी भी थाने के किवाड़ पर जब कोई पीड़ित फरियादी अपनी समस्याओं की संचिका लेकर प्रविष्ट होगा, तो वहां मुस्तैद कनिष्ठ पुलिसकर्मियों को पूरी संवेदनशीलता के साथ उसकी बात सुननी होगी। थानों के भीतर आम नागरिकों के साथ किए जाने वाले व्यवहार को पूरी तरह पारदर्शी बनाया जाएगा और पीड़ित की शिकायतों का एक निश्चित टाइम-स्टैम्प के भीतर त्वरित विधिक समाधान मुकम्मल किया जाएगा, ताकि जनता को न्याय के विन्यास के लिए भटकना न पड़े। सभी थानों के कप्तानों को निर्देश जारी कर दिया गया है कि वे अपने क्षेत्रों के थानों में आने वाले हर एक विलेख का दैनिक डेटा कलेक्ट करें और उसकी प्रविष्टि सीधे एसपी कार्यालय के मुख्य डैशबोर्ड पर लाइव मोड पर प्रेषित करें।


