
सारण। बिहार के सारण जिले में शुक्रवार की सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसे ने पूरे इलाके को दहला दिया। छपरा-सिवान मुख्य मार्ग स्थित राष्ट्रीय राजमार्ग-531 पर बनवार फ्लाईओवर के पास तेज रफ्तार ट्रक और पिकअप वाहन के बीच हुई आमने-सामने की भीषण टक्कर में तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि नौ अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद घटनास्थल पर चीख-पुकार और अफरा-तफरी मच गई।
दुर्घटना इतनी भयावह थी कि पिकअप वाहन के परखच्चे उड़ गए और वह सड़क किनारे गहरी खाई में जा गिरा। स्थानीय ग्रामीणों और पुलिस की मदद से घायलों को बाहर निकाला गया और इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया।
बताया जा रहा है कि पिकअप में सवार सभी लोग एक आर्केस्ट्रा दल के सदस्य थे, जो किसी सांस्कृतिक कार्यक्रम में शामिल होकर वापस लौट रहे थे। हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में मातम का माहौल है।
सुबह छह बजे हुआ भीषण हादसा
जानकारी के अनुसार शुक्रवार सुबह करीब छह बजे एनएच-531 पर बनवार फ्लाईओवर ब्रिज के समीप यह हादसा हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक दोनों वाहन तेज रफ्तार में थे। इसी दौरान अचानक ट्रक और पिकअप के बीच आमने-सामने की जोरदार भिड़ंत हो गई।
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि पिकअप वाहन पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। वाहन में सवार लोग अंदर ही फंस गए। कई लोग सड़क पर जा गिरे, जबकि कुछ लोग गंभीर रूप से घायल होकर बेहोश हो गए।
हादसे के तुरंत बाद आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। लोगों ने पुलिस और एंबुलेंस को सूचना दी।
मौके पर मची चीख-पुकार
घटना के बाद पूरे इलाके में चीख-पुकार मच गई। घायल दर्द से कराह रहे थे और लोग उन्हें बचाने की कोशिश में जुटे थे। स्थानीय ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद पिकअप में फंसे लोगों को बाहर निकाला।
हादसे में दो पुरुष और एक महिला की मौके पर ही मौत हो गई। मृतकों की पहचान देर तक नहीं हो सकी थी। पुलिस मृतकों की पहचान करने में जुटी हुई है।
वहीं नौ अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। कई घायलों की हालत चिंताजनक बताई जा रही है।
घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया
घटना की सूचना मिलते ही दाउदपुर और एकमा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। स्थानीय लोगों के सहयोग से सभी घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र एकमा पहुंचाया गया।
अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद कुछ गंभीर घायलों को बेहतर इलाज के लिए दूसरे अस्पतालों में रेफर किया गया। चिकित्सकों के अनुसार कई घायलों को सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आई हैं।
घायलों में महिलाओं और बच्चों के भी शामिल होने की जानकारी सामने आई है। अस्पताल में परिजनों की भीड़ जुट गई और माहौल काफी भावुक हो गया।
घायलों की पहचान
पुलिस और प्रशासन ने घायलों की पहचान शुरू कर दी है। घायलों में जया कुमारी (30), पिंकी कुमारी (20), अल्पना मंडल (29), लघु कुमार (35), मनु राय (30), विक्की राय (20), अनुज कुमार और कालू कुमार समेत एक चार साल की बच्ची शामिल हैं।
सभी घायल सारण जिले के खैरा थाना क्षेत्र और आसपास के इलाकों के रहने वाले बताए जा रहे हैं।
आर्केस्ट्रा दल लौट रहा था घर
प्रारंभिक जांच में पता चला है कि पिकअप वाहन में सवार लोग एक आर्केस्ट्रा टीम के सदस्य थे। वे किसी सांस्कृतिक कार्यक्रम में भाग लेने के बाद वापस अपने घर लौट रहे थे।
रातभर कार्यक्रम करने के बाद सभी लोग थके हुए थे और सुबह घर लौट रहे थे, तभी यह दर्दनाक हादसा हो गया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पिकअप वाहन में क्षमता से अधिक लोग सवार थे, जिससे हादसे का असर और ज्यादा गंभीर हो गया। हालांकि पुलिस अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं कर रही है।
एनएच-531 पर लगा लंबा जाम
हादसे के बाद एनएच-531 पर दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई। सड़क पर टूटे वाहन के हिस्से, खून के धब्बे और सामान बिखरे पड़े थे।
पुलिस ने काफी मशक्कत के बाद दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को हटवाया और यातायात को सामान्य कराया। करीब दो घंटे तक हाईवे पर आवागमन प्रभावित रहा।
यात्रियों और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
पुलिस कर रही जांच
पुलिस पूरे मामले की जांच में जुट गई है। हादसे के कारणों का पता लगाया जा रहा है। शुरुआती जांच में तेज रफ्तार और लापरवाही को दुर्घटना की मुख्य वजह माना जा रहा है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि ट्रक चालक हादसे के बाद मौके से फरार हो गया। उसकी तलाश की जा रही है। दुर्घटनाग्रस्त दोनों वाहनों को जब्त कर लिया गया है।
मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और उनके परिजनों को सूचना दी जा रही है।
बिहार में बढ़ते सड़क हादसे चिंता का विषय
बिहार में लगातार बढ़ रहे सड़क हादसे प्रशासन और आम लोगों के लिए चिंता का विषय बनते जा रहे हैं। खासकर राष्ट्रीय राजमार्गों पर तेज रफ्तार और यातायात नियमों की अनदेखी के कारण आए दिन गंभीर दुर्घटनाएं हो रही हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि सड़क सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन, ओवरलोडिंग पर नियंत्रण और तेज रफ्तार वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जरूरी है।
स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन से मांग की है कि एनएच-531 पर नियमित निगरानी और सुरक्षा इंतजाम बढ़ाए जाएं ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
फिलहाल सारण का यह दर्दनाक हादसा कई परिवारों की खुशियां छीन ले गया है। मृतकों के घरों में मातम पसरा हुआ है, जबकि घायल अस्पतालों में जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे हैं।


