
बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की AEDO परीक्षा में बड़े स्तर पर गड़बड़ी का मामला सामने आया है। जांच में खुलासा हुआ है कि परीक्षा शुरू होने से 3 से 4 घंटे पहले ही आंसर-की तैयार कर ली गई थी, जिससे परीक्षा की निष्पक्षता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
आर्थिक अपराध इकाई (EOU) की जांच के मुताबिक, सॉल्वर गैंग ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की मदद से मोबाइल के जरिए प्रश्नपत्र लीक किया और बेहद कम समय में उसके उत्तर भी तैयार कर लिए।
इस मामले में पटना और बिहारशरीफ समेत कई स्थानों से अहम सुराग मिले हैं। EOU ने अब तक 22 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जिनसे देर रात तक पूछताछ की गई। गिरफ्तार लोगों में परीक्षा एजेंसी के कर्मचारी, सॉल्वर गैंग के सदस्य और कुछ अभ्यर्थी शामिल हैं।
जांच में यह भी सामने आया है कि तैयार की गई आंसर-की वास्तविक प्रश्नपत्र से पूरी तरह मेल खाती थी, जिससे धांधली की पुष्टि और मजबूत हो गई है। सूत्रों के अनुसार, परीक्षा केंद्रों पर मौजूद कुछ फर्जी बायोमेट्रिक कर्मी प्रश्नपत्र की तस्वीरें खींचकर सॉल्वर गैंग तक भेजते थे।
इसके बाद व्हाट्सएप ग्रुप के जरिए उत्तर तैयार कर तुरंत अभ्यर्थियों तक पहुंचाए जाते थे। जांच एजेंसियों को कई मोबाइल फोन और ब्लूटूथ डिवाइस भी बरामद हुए हैं, जो इस संगठित नेटवर्क की ओर इशारा करते हैं।
फिलहाल जांच एजेंसियां प्रश्नपत्र की छपाई, ट्रांसपोर्ट और परीक्षा केंद्र तक पहुंचाने की पूरी प्रक्रिया की गहन जांच कर रही हैं, ताकि इस बड़े फर्जीवाड़े के हर पहलू का खुलासा किया जा सके।


