
भागलपुर। भागलपुर पुलिस को मानव तस्करी और अपहरण के एक गंभीर मामले में बड़ी सफलता हाथ लगी है। जोगसर थाना क्षेत्र के नागरमॉल से करीब चार महीने पहले लापता हुई एक नाबालिग लड़की को पुलिस ने मध्य प्रदेश के भोपाल से सुरक्षित बरामद कर लिया है। इस पूरे प्रकरण में चौंकाने वाला खुलासा यह हुआ है कि नाबालिग बच्ची को ट्रेन से अगवा कर 2.5 लाख रुपये में बेच दिया गया था और फर्जी तरीके से उसकी उम्र बढ़ाकर उसकी शादी करा दी गई थी। पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी और फर्जी विवाह संपन्न कराने वाले आर्य समाज के एक आचार्य को गिरफ्तार कर लिया है। सोमवार, 27 अप्रैल 2026 को वरीय पुलिस अधीक्षक कार्यालय द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति में इस सफल ऑपरेशन की विस्तृत जानकारी साझा की गई है।
नागरमॉल से हुई थी लापता: 2025 का है मामला
घटना की शुरुआत 21 दिसंबर 2025 को हुई थी, जब लोदीपुर थाना क्षेत्र के विसनपुर जिच्छो की रहने वाली नाबालिग अंशु कुमारी (पुत्री हरिचरण दास) जोगसर थानांतर्गत नागरमॉल से संदिग्ध परिस्थितियों में गुम हो गई थी। इस संबंध में परिजनों ने जोगसर थाना में कांड संख्या-328/25 दर्ज कराई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसमें नगर पुलिस अधीक्षक, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी और डी०आई०यू० (DIU) टीम को शामिल किया गया था।
आधार कार्ड ने खोला राज: नाबालिग को दिखाया 21 साल की बालिग
पुलिस को इस मामले में सबसे बड़ा सुराग अप्रैल 2026 में तब मिला, जब अपहृता के नाम से बना एक नया आधार कार्ड डाक के माध्यम से उसके पैतृक घर भागलपुर पहुँचा।
- उम्र में फर्जीवाड़ा: आधार कार्ड में नाबालिग लड़की की आयु बढ़ाकर 21 वर्ष (बालिग) दिखाई गई थी।
- वैवाहिक स्थिति: कार्ड में लड़की की एक फोटो लगी थी जिसमें उसे विवाहित दिखाया गया था।
- मोबाइल नंबर का सत्यापन: आधार कार्ड में अंकित मोबाइल नंबर के सत्यापन से पुलिस को पता चला कि वह सोनू जैन (निवासी: बैरसिया, भोपाल, म०प्र०) के नाम पर पंजीकृत है।
ट्रेन में हुई थी किडनैपिंग, फिर 2.5 लाख में बेचा गया
बरामदगी के बाद लड़की ने पुलिस को जो आपबीती सुनाई, वह रूह कपा देने वाली है। पूछताछ में निम्नलिखित तथ्य सामने आए हैं:
- अपहरण: ट्रेन में सफर के दौरान एक अज्ञात महिला और पुरुष ने उसे अपने साथ लिया और दिल्ली ले गए।
- सौदेबाजी: कुछ दिन दिल्ली में रखने के बाद उसे भोपाल ले जाया गया, जहाँ आरोपियों ने उसे 2,50,000 रुपये में बेच दिया।
- फर्जी निकाह: बिचौलिया बने आर्य समाज के आचार्य ने आयु बदलकर सोनू जैन के साथ उसका विवाह संपन्न कराया था。
दो की गिरफ्तारी: मुख्य आरोपी और बिचौलिया आचार्य सलाखों के पीछे
पुलिस ने भोपाल में छापेमारी कर दो व्यक्तियों को विधिवत गिरफ्तार किया है:
- सोनू जैन: पिता स्व० नरेन्द्र कुमार जैन, सा०- गरेठिया दांगी, बैरसिया, भोपाल (मुख्य अभियुक्त जिसने लड़की को खरीदा था)।
- कमल किशोर शास्त्री: पिता स्व० बालेश्वर प्रसाद, सा०- आर्य समाज मंदिर, बैरसिया, भोपाल (बिचौलिया और आचार्य जिसने फर्जी तरीके से शादी कराई थी)।
सफल छापेमारी दल की विवरणी
इस जटिल गुत्थी को सुलझाने और लड़की को बरामद करने में निम्नलिखित अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही:
- पु०अ०नि० मंटु कुमार: थानाध्यक्ष, जोगसर थाना।
- पु०अ०नि०: योगेश कुमार, आशीष कुमार और शिवानी कुमारी (जोगसर थाना)।
- अन्य सदस्य: म०सि० शांति कुमारी, सि० दीपक कुमार, सि० पिंटु कुमार पाल और भागलपुर की डी०आई०यू० (DIU) टीम।
वॉयस ऑफ बिहार (VOB) न्यूज़ डेस्क इस चुनौतीपूर्ण मामले को सुलझाने के लिए भागलपुर पुलिस की मुस्तैदी की सराहना करता है।
वॉयस ऑफ बिहार (VOB) न्यूज़ डेस्क की विशेष रिपोर्ट।
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