भागलपुर | 23 फरवरी, 2026: भागलपुर के जवाहरलाल नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल (मायागंज) में सोमवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक युवती की मौत के बाद आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल के मुख्य गेट पर जमकर हंगामा किया。 परिजनों ने डॉक्टरों पर गंभीर लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए अस्पताल प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया, जिससे घंटों तक परिसर में तनावपूर्ण स्थिति बनी रही。
इलाज में कोताही का आरोप: 4 दिन से भर्ती थी पूजा
मृतक युवती की पहचान मुंगेर जिले के बरियारपुर थाना क्षेत्र की रहने वाली पूजा कुमारी के रूप में की गई है。 परिजनों द्वारा साझा की गई जानकारी के अनुसार:
- भर्ती: पूजा को चार दिन पहले गंभीर स्थिति में मायागंज अस्पताल में भर्ती कराया गया था。
- लापरवाही का दावा: परिवार का आरोप है कि इन चार दिनों के दौरान डॉक्टरों ने समुचित इलाज नहीं किया。
- अनदेखी: परिजनों ने बताया कि वे कई बार वार्ड से डॉक्टरों को बुलाने गए, लेकिन कोई भी चिकित्सक समय पर मरीज को देखने नहीं पहुँचा, जिसके कारण पूजा की स्थिति बिगड़ती चली गई और अंततः उसकी मौत हो गई。
अस्पताल गेट पर शव रखकर प्रदर्शन
युवती की मौत की खबर मिलते ही परिजनों का सब्र टूट गया। इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए गुस्साए लोगों ने मायागंज अस्पताल के मुख्य गेट पर ही शव को रख दिया और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया。 इस हंगामे के कारण अस्पताल के मुख्य द्वार पर आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया और मरीजों व तीमारदारों के बीच अफरा-तफरी मच गई。
प्रशासन की पहल और जांच का भरोसा
घटना की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय पुलिस और अस्पताल प्रशासन के वरीय अधिकारी तुरंत मौके पर पहुँचे。
- समझौता: काफी देर तक चले हंगामे के बाद पुलिस ने परिजनों को समझा-बुझाकर शांत कराया。
- आश्वासन: अस्पताल प्रशासन ने मामले की निष्पक्ष जांच करने और दोषी पाए जाने वाले स्वास्थ्यकर्मियों पर उचित कार्रवाई करने का लिखित आश्वासन दिया है。
- अगली कार्रवाई: फिलहाल पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है, ताकि मौत के सटीक कारणों का पता लगाया जा सके。
द वॉयस ऑफ बिहार की रिपोर्ट: मायागंज अस्पताल में लापरवाही के आरोप अक्सर लगते रहे हैं, लेकिन एक युवा जान का जाना कई सवाल खड़े करता है। अब देखना यह होगा कि जांच के बाद प्रशासन क्या सख्त कदम उठाता है।


