
बेंगलुरु, 4 जून 2025।IPL 2025 की पहली बार चैंपियन बनी रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) की जीत का जश्न बुधवार को दर्दनाक हादसे में तब्दील हो गया। एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर उमड़ी हजारों की भीड़ में मची भगदड़ में 11 लोगों की मौत हो गई, जबकि 33 अन्य घायल हो गए।
भगदड़ में मेहंदी रचे हाथ और मासूम भी गए जान
हादसे में जान गंवाने वालों में 13 साल की दिव्यांशी, 19 साल की सहाना, 26 वर्षीय दीया और 21 वर्षीय श्रवण समेत कई युवक-युवतियां शामिल हैं। बेंगलुरु के विभिन्न अस्पतालों में दर्जनों घायल अब भी इलाजरत हैं।
कैसे हुआ हादसा
मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और डिप्टी सीएम डी.के. शिवकुमार द्वारा विधान सभा में टीम को सम्मानित करने के बाद जैसे ही खिलाड़ियों का काफिला चिन्नास्वामी स्टेडियम पहुंचा, भारी भीड़ स्टेडियम में घुसने के लिए बेकाबू हो गई।
गेट नंबर-1 पर फैंस के धक्कामुक्की के बीच भगदड़ मच गई। कई लोग स्टेडियम की दीवारें फांदने लगे, पेड़ों पर चढ़ गए।
सुरक्षा बल भीड़ नियंत्रित करने में पूरी तरह विफल रहे।
देर से पहुंची एंबुलेंस, मौके पर अफरा-तफरी
भीड़ के कारण एंबुलेंस को मौके तक पहुंचने में देरी हुई। बॉरिंग अस्पताल, वैदेही अस्पताल और मणिपाल हॉस्पिटल में घायलों का इलाज जारी है।
RCB और मुख्यमंत्री ने जताया शोक
RCB ने सोशल मीडिया पर बयान जारी कर कहा-
“हम इस हादसे से बेहद दुखी हैं। सभी की सुरक्षा हमारे लिए सर्वोपरि है। प्रभावित परिवारों के प्रति संवेदना। प्रशासन के निर्देश पर हमने तुरंत अपने कार्यक्रम में संशोधन किया।”
मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और डिप्टी सीएम ने अस्पताल पहुंचकर घायलों का हाल जाना। 10-10 लाख रुपये मुआवजा और घायलों के मुफ्त इलाज का ऐलान किया।
पुलिस-प्रशासन पर उठे सवाल
RCB की विक्ट्री परेड के लिए पहले ही भीड़ नियंत्रण की चेतावनी दी गई थी। बावजूद इसके आयोजन स्थल पर भीड़ प्रबंधन में भारी चूक सामने आई।
हजारों की भीड़ और सीमित पुलिस बल के चलते हालात बेकाबू हो गए।
जश्न में जख्म छोड़ गई पहली जीत
RCB के 17 साल के इंतज़ार की पहली IPL ट्रॉफी का जश्न कर्नाटक और पूरे देश के क्रिकेट प्रेमियों के लिए यादगार बनने वाला था, लेकिन ये जीत अब सैंकड़ों परिवारों के लिए हमेशा के लिए दर्द बन गई।


