बिहार में एडीएम (राजस्व) कार्यालयों की अप्रैल रैंकिंग जारी, बांका पहले स्थान पर

पटना, 30 मई:राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग, बिहार सरकार द्वारा अप्रैल महीने की अपर समाहर्त्ता (राजस्व) कार्यालयों की रैंकिंग जारी कर दी गई है। इस बार बांका जिला का प्रदर्शन सबसे बेहतर रहा, जिसने पूरे राज्य में पहला स्थान प्राप्त किया है। शेखपुरा को दूसरा और मधुबनी को तीसरा स्थान मिला है, जो पिछले महीने छठे स्थान पर था।

शीर्ष स्थानों पर रहीं ये जिलें

  • बांका ने अप्रैल महीने में किए गए राजस्व संबंधित कार्यों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए शीर्ष स्थान प्राप्त किया।
  • शेखपुरा ने दूसरे और मधुबनी ने तीसरे स्थान पर जगह बनाई।
  • जहानाबाद और नालंदा को चौथा और पांचवां स्थान मिला है।

औरंगाबाद ने किया बेहतर सुधार

औरंगाबाद ने पिछले महीने के नौवें स्थान से छलांग लगाकर छठवां स्थान हासिल किया है। वहीं, कैमूर सातवें और सीतामढ़ी आठवें स्थान पर बरकरार हैं। किशनगंज दसवें से नौवें और दरभंगा 11वें से 10वें स्थान पर पहुंचा है।

अंतिम 10 में ये जिले रहे पीछे

रैंकिंग में वैशाली, पश्चिम चंपारण, लखीसराय, रोहतास, शिवहर, जमुई, सुपौल, पटना, सहरसा और भागलपुर जैसे जिले सबसे पीछे रहे।


रैंकिंग का आधार और मूल्यांकन प्रक्रिया

राजस्व विभाग द्वारा यह रैंकिंग एडीएम राजस्व कार्यालयों द्वारा किए गए कार्यों के आधार पर तय की जाती है। मूल्यांकन निम्नलिखित मापदंडों पर किया गया:

  • दाखिल-खारिज का पर्यवेक्षण – 15%
  • परिमार्जन प्लस का पर्यवेक्षण – 15%
  • अंचल कार्यालयों का निरीक्षण – 10%
  • अभियान बसेरा-2 – 15%
  • दाखिल-खारिज रिविजन – 20%
  • आधार सीडिंग स्टेटस – 5%
  • जमाबंदी कैंसलेशन – 15%
  • ऑनलाइन हियरिंग – 5%

राजस्व मंत्री का बयान

राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री श्री संजय सरावगी ने कहा,

“रैंकिंग में पिछड़े जिलों की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है। जिला एवं मुख्यालय स्तर के वरीय अधिकारियों द्वारा नियमित समीक्षा की जा रही है, ताकि आम जनता की ज़मीन से जुड़ी समस्याओं का त्वरित समाधान हो सके।”


टॉप 10 एडीएम (राजस्व) कार्यालय

  1. बांका
  2. शेखपुरा
  3. मधुबनी
  4. जहानाबाद
  5. नालंदा
  6. औरंगाबाद
  7. कैमूर
  8. सीतामढ़ी
  9. किशनगंज
  10. दरभंगा

अंतिम 10 एडीएम (राजस्व) कार्यालय

  1. वैशाली
  2. पश्चिम चंपारण
  3. लखीसराय
  4. रोहतास
  5. शिवहर
  6. जमुई
  7. सुपौल
  8. पटना
  9. सहरसा
  10. भागलपुर

नोट: यह रैंकिंग प्रत्येक महीने जारी की जाती है और इसका उद्देश्य जिलों के बीच सकारात्मक प्रतिस्पर्धा बढ़ाकर राजस्व कार्यों की दक्षता को बेहतर बनाना है।


 

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