मालदा,पूर्व रेलवे के मालदा मंडल में नाबालिगों की सुरक्षा एवं संरक्षण को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) द्वारा लगातार सतर्कता अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में “ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते” के अंतर्गत बरहरवा रेलवे स्टेशन परिसर से तीन नाबालिग बालकों को सुरक्षित रूप से संरक्षण में लिया गया।
यह कार्रवाई मंडल रेल प्रबंधक श्री मनीष कुमार गुप्ता के दिशा-निर्देशन तथा श्री ए. के. कुल्लू, मंडल सुरक्षा आयुक्त, आरपीएफ, मालदा के नेतृत्व में की गई। जानकारी के अनुसार, दिनांक 22 दिसंबर 2025 को आरपीएफ पोस्ट बरहरवा के जवान स्टेशन परिसर में नियमित निगरानी एवं चेकिंग कर रहे थे, इसी दौरान तीन नाबालिग बालक संदिग्ध एवं असामान्य स्थिति में पाए गए।
आरपीएफ द्वारा की गई प्रारंभिक पूछताछ में यह स्पष्ट हुआ कि तीनों बालक अपने घरों से बिना अभिभावकों को बताए बाहर निकल आए थे। बच्चों की उम्र एवं परिस्थिति को देखते हुए आरपीएफ ने मामले की गंभीरता को समझते हुए तत्काल उन्हें सुरक्षा में लिया और आवश्यक सहायता प्रदान की।
निर्धारित कानूनी प्रक्रिया एवं बाल संरक्षण मानकों का पालन करते हुए तीनों नाबालिगों को आगे की देखरेख, परामर्श एवं पुनर्वास के उद्देश्य से बाल संरक्षण मंथन, राजमहल (साहिबगंज) के सुपुर्द कर दिया गया।
आरपीएफ, मालदा मंडल की यह मानवीय एवं संवेदनशील पहल रेलवे परिसरों में बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के प्रति उसकी निरंतर प्रतिबद्धता को दर्शाती है। आरपीएफ ने आम नागरिकों से अपील की है कि रेलवे स्टेशन, ट्रेन या रेलवे परिसर में यदि कोई असहाय, भटका हुआ या संदिग्ध नाबालिग दिखाई दे, तो उसकी सूचना तत्काल निकटतम आरपीएफ कर्मियों को दें, ताकि समय रहते उसे सुरक्षित सहायता प्रदान की जा सके।


