खबर के मुख्य बिंदु (Highlights):
- एक्शन: शांतिपूर्ण होली सुनिश्चित करने के लिए सुल्तानगंज पुलिस की बड़ी छापेमारी।
- गिरफ्तारी: शराब के नशे में हंगामा और मारपीट करने वाले 27 लोग पुलिस की गिरफ्त में।
- सघन गश्ती: थानाध्यक्ष मृत्युंजय कुमार के नेतृत्व में शहर के विभिन्न इलाकों में पेट्रोलिंग।
- सख्त संदेश: कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों पर जीरो टॉलरेंस; कानूनी कार्रवाई शुरू।
भागलपुर/सुल्तानगंज: रंगों के महापर्व होली के उल्लास के बीच कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुल्तानगंज पुलिस पूरी तरह मुस्तैद दिखी। जहां एक ओर पूरा शहर रंगों में सराबोर था, वहीं दूसरी ओर शराब पीकर उत्पात मचाने और आपसी विवाद में मारपीट करने वालों पर पुलिस का डंडा जमकर चला। सुल्तानगंज थाना पुलिस ने विशेष अभियान चलाते हुए कुल 27 हुड़दंगियों को गिरफ्तार किया है।
थानाध्यक्ष की ‘सुपर’ पेट्रोलिंग: चप्पे-चप्पे पर नजर
होली के दौरान शांति और सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने के लिए सुल्तानगंज थानाध्यक्ष मृत्युंजय कुमार ने खुद मोर्चा संभाला।
- गश्ती अभियान: पुलिस की कई टीमों ने सुल्तानगंज शहर के मुख्य चौराहों से लेकर गलियों तक सघन पेट्रोलिंग की।
- शिकायत पर एक्शन: जहां भी शराब पीकर हंगामा करने या नशे में धुत होकर मारपीट की सूचना मिली, पुलिस ने वहां तत्काल दबिश दी।
शराबबंदी और मारपीट: 27 लोग पहुँचे सलाखों के पीछे
गिरफ्तार किए गए लोगों पर शराब पीकर सार्वजनिक स्थान पर उत्पात मचाने और शांति भंग करने के आरोप हैं।
”होली के अवसर पर किसी भी प्रकार की अराजकता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। शहर के अलग-अलग हिस्सों से 27 लोगों को हिरासत में लिया गया है। इनमें से अधिकांश शराब के नशे में हंगामा और मारपीट कर रहे थे। सभी के विरुद्ध सुसंगत धाराओं में कानूनी कार्रवाई की जा रही है।” — मृत्युंजय कुमार, थानाध्यक्ष, सुल्तानगंज
विधि-सम्मत कार्रवाई और मेडिकल जांच
गिरफ्तार सभी अभियुक्तों को हिरासत में लेकर उनकी मेडिकल जांच कराई गई है ताकि शराब के सेवन की आधिकारिक पुष्टि हो सके। पुलिस अब इनके पुराने आपराधिक इतिहास को भी खंगाल रही है ताकि यह पता चल सके कि इनमें से कोई आदतन अपराधी तो नहीं है।
VOB का नजरिया: हुड़दंग नहीं, भाईचारे का है त्योहार
होली रंगों का त्योहार है, लेकिन अक्सर शराब और नशे की वजह से यह खुशियां मातम या झगड़ों में बदल जाती हैं। सुल्तानगंज पुलिस की यह त्वरित कार्रवाई उन लोगों के लिए एक कड़ा सबक है जो कानून को ठेंगे पर रखते हैं। 27 लोगों की गिरफ्तारी ने यह स्पष्ट कर दिया है कि पुलिस की नजरों से बच पाना मुमकिन नहीं है। ‘द वॉयस ऑफ बिहार’ नागरिकों से अपील करता है कि त्योहारों को शालीनता और नियमों के दायरे में रहकर मनाएं।


