बिहार के औद्योगिक इतिहास का सबसे बड़ा निवेश: ₹30,000 करोड़ के प्रोजेक्ट का जायजा लेने पीरपैंती पहुंचे गौतम अदाणी

पीरपैंती/भागलपुर | 22 फरवरी, 2026: बिहार के औद्योगिक परिदृश्य के लिए आज का दिन ऐतिहासिक रहा। देश के प्रतिष्ठित उद्योगपति और अदाणी समूह के चेयरमैन गौतम अदाणी रविवार दोपहर भागलपुर जिले के पीरपैंती पहुंचे। उन्होंने वहां निर्माणाधीन मेगा थर्मल पावर प्लांट का भौतिक निरीक्षण किया और प्रोजेक्ट की प्रगति की समीक्षा की। इस निवेश को पिछले कई दशकों में बिहार के भीतर किसी भी निजी औद्योगिक समूह द्वारा किया गया सबसे बड़ा निवेश माना जा रहा है।

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प्रोजेक्ट की झलक: 2400 मेगावाट की शक्ति

​पीरपैंती प्रखंड के सिरमतपुर और आसपास की लगभग 479 हेक्टेयर भूमि पर अदाणी समूह द्वारा एक ‘अल्ट्रा सुपर क्रिटिकल थर्मल पावर प्लांट’ विकसित किया जा रहा है। इस प्रोजेक्ट की कुछ खास बातें निम्नलिखित हैं:

  • उत्पादन क्षमता: 2400 मेगावाट (MW)।
  • कुल निवेश: लगभग ₹30,000 करोड़।
  • समय सीमा: अगले 5 वर्षों में परियोजना को पूरा करने का लक्ष्य।
  • वर्तमान स्थिति: चहारदीवारी निर्माण और भूमि समतलीकरण का कार्य युद्धस्तर पर जारी है।

लोकेशन का सामरिक महत्व

​विशेषज्ञों के अनुसार, पीरपैंती की भौगोलिक स्थिति इस प्लांट के लिए वरदान साबित होगी:

  1. उत्तर में गंगा नदी: पानी की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित होगी।
  2. दक्षिण में नेशनल हाईवे: सड़क मार्ग से बेहतरीन कनेक्टिविटी।
  3. रेलवे स्टेशन: पास ही स्थित पीरपैंती स्टेशन लॉजिस्टिक और माल ढुलाई को सुगम बनाएगा।

रोजगार का ‘पावर हाउस’ बनेगा पीरपैंती

​गौतम अदाणी के इस प्रोजेक्ट से न केवल बिहार की बिजली की जरूरतें पूरी होंगी, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार की भी बौछार होगी:

  • निर्माण चरण के दौरान: लगभग 10 से 12 हजार लोगों को प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष रोजगार मिलेगा।
  • संचालन (Operational) चरण में: प्लांट शुरू होने पर करीब 3000 लोगों को स्थायी रोजगार के अवसर मिलेंगे।

वृक्षारोपण कर दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश

​प्रोजेक्ट साइट का जायजा लेने के साथ ही गौतम अदाणी ने परिसर में वृक्षारोपण भी किया। उन्होंने संकेत दिया कि औद्योगिक विकास के साथ-साथ पर्यावरण संतुलन भी उनकी प्राथमिकता में शामिल है। उनके साथ अदाणी समूह के वरिष्ठ तकनीकी अधिकारियों का दल भी मौजूद था।

बिहार के लिए ‘भरोसे’ का पैगाम

​आर्थिक विशेषज्ञों का मानना है कि गौतम अदाणी का यह दौरा केवल एक निरीक्षण नहीं है, बल्कि यह राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय निवेशकों के बीच बिहार की नई छवि और “इन्वेस्टमेंट फ्रेंडली” माहौल का एक सकारात्मक संदेश है। यह मेगा प्रोजेक्ट क्षेत्रीय तरक्की और बुनियादी ढांचे (Infrastructure) को एक नई रफ्तार देने वाला है।

ब्यूरो रिपोर्ट, द वॉयस ऑफ बिहार।

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