पटना। बिहार की राजधानी से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। विशेष निगरानी इकाई (SVU) ने शिक्षा विभाग के क्षेत्रीय उपनिदेशक (डिप्टी डायरेक्टर) वीरेंद्र नारायण के कई ठिकानों पर आज (11 सितंबर) सुबह-सुबह छापेमारी की।
आय से अधिक संपत्ति का मामला
जानकारी के मुताबिक, SVU ने 10 सितंबर 2025 को थाना कांड संख्या 18/25 के तहत भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के अंतर्गत वीरेंद्र नारायण पर मामला दर्ज किया था। आरोप है कि उन्होंने अपनी सेवा अवधि में लगभग 3.75 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति अर्जित की है, जो उनकी ज्ञात आय के अनुपात से कहीं अधिक है।
एक साथ कई जिलों में रेड
स्पेशल विजिलेंस की टीम ने एक साथ तीन जिलों में रेड की कार्रवाई की है—
- पटना (जगनपुरा, वार्ड नंबर 32 स्थित आवास)
- मुजफ्फरपुर (तिरहुत प्रमंडल कार्यालय और आवास)
- पूर्णिया (रामबाग स्थित घर)
इन सभी जगहों पर पुलिस उपाधीक्षक के नेतृत्व में तलाशी ली जा रही है।
छापेमारी में क्या मिला?
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, छापेमारी के दौरान टीम को कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, संपत्ति से जुड़े कागजात, नकद और कीमती सामान मिले हैं। शुरुआती रिपोर्ट में करीब 4 करोड़ रुपये की बेनामी संपत्ति सामने आने की बात कही जा रही है।
किन धाराओं में मामला दर्ज?
वीरेंद्र नारायण के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधित 2018) की धारा 13(1)(बी), 13(2), 12 और भारतीय दंड संहिता (बीएनएस 2023) की धारा 61(2)(ए) के तहत केस दर्ज किया गया है।
पृष्ठभूमि
बताया जा रहा है कि वीरेंद्र नारायण इससे पहले DEO (जिला शिक्षा पदाधिकारी) के पद पर भी तैनात रह चुके हैं। आरोप है कि उन्होंने विभिन्न पदों पर रहते हुए अपनी वैध आय से कई गुना अधिक संपत्ति अर्जित की।
SVU की यह कार्रवाई बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी पहल मानी जा रही है। अब देखना होगा कि जांच के बाद इस पूरे मामले में और कौन-कौन से खुलासे सामने आते हैं।


