बिहार के 534 अंचल कार्यालयों की रैंकिंग जारी: जानिए किसने किया टॉप और कौन रहा सबसे पीछे

पटना:

बिहार सरकार के राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग द्वारा अप्रैल माह के लिए राज्य के सभी 534 अंचल कार्यालयों की रैंकिंग जारी की गई है। विभाग की यह पहल अंचलों की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता और प्रतिस्पर्धा बढ़ाने के उद्देश्य से की जा रही है, जिससे आम जनता को राजस्व से संबंधित सेवाओं का त्वरित लाभ मिल सके।

फुल्लीडुमर बना टॉपर, पटना सदर की जबरदस्त छलांग

इस बार की रैंकिंग में बांका जिले का फुल्लीडुमर अंचल कार्यालय 84.40 अंकों के साथ शीर्ष पर पहुंच गया है। जमुई का लक्ष्मीपुर अंचल 80.62 अंकों के साथ दूसरे और बेगूसराय का खोदबंदपुर अंचल 80.01 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर है।

सबसे उल्लेखनीय प्रदर्शन पटना सदर अंचल का रहा, जिसने मार्च महीने की रैंकिंग में 296वें स्थान से छलांग लगाकर इस बार दसवें स्थान पर जगह बना ली है।

शीर्ष 10 अंचल कार्यालय (अप्रैल 2025 रैंकिंग):

  1. फुल्लीडुमर (बांका) – 84.40 अंक
  2. लक्ष्मीपुर (जमुई) – 80.62 अंक
  3. खोदबंदपुर (बेगूसराय) – 80.01 अंक
  4. सोनवर्षा (सीतामढ़ी) – 78.30 अंक
  5. घोसी (जहानाबाद) – 77.38 अंक
  6. केसरिया (पूर्वी चंपारण) – 77.27 अंक
  7. डुमरिया (गया) – 76.65 अंक
  8. नगरा (सारण) – 75.93 अंक
  9. हसपुरा (औरंगाबाद) – 75.93 अंक
  10. पटना सदर (पटना) – 75.89 अंक

अंतिम 10 अंचल कार्यालय (सबसे कम अंक प्राप्त करने वाले):

  1. दुलहिन बाजार (पटना) – 31.82 अंक
  2. कोढ़ा (कटिहार) – 34.37 अंक
  3. बथानी (गया) – 35.20 अंक
  4. जगदीशपुर (भागलपुर) – 36.01 अंक
  5. बड़हरा (भोजपुर) – 36.57 अंक
  6. कदवा (कटिहार) – 36.86 अंक
  7. मोहनपुर (समस्तीपुर) – 37.19 अंक
  8. कटिहार सदर (कटिहार) – 37.75 अंक
  9. बोधगया (गया) – 37.81 अंक
  10. राजपुर (रोहतास) – 38.65 अंक

रैंकिंग का आधार क्या है?

राजस्व विभाग की रैंकिंग म्यूटेशन, परिमार्जन प्लस, अभियान बसेरा-2, आधार सीडिंग, ई-एलपीसी, ई-मापी, अतिक्रमणवाद निपटारा, जमाबंदी और सरकारी जमीन की एंट्री व वेरिफिकेशन जैसे कार्यों पर आधारित है।

  • परिमार्जन प्लस पर 25 अंक
  • म्यूटेशन पर 20 अंक
  • बसेरा-2 पर 15 अंक
  • आधार सीडिंग और ई-एलपीसी पर 2.5-2.5 अंक
  • ई-मापी पर 15 अंक
  • अतिक्रमणवाद, जमाबंदी, सरकारी जमीन की एंट्री आदि पर क्रमशः 5-10 अंक दिए जाते हैं।

मंत्री का बयान:

राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री संजय सरावगी ने कहा कि “रैंकिंग से कार्य प्रणाली में निरंतर सुधार हो रहा है। विभाग का उद्देश्य है कि सभी अंचल स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना से कार्य करें ताकि जनता को समय पर राजस्व सेवाएं मिल सकें।”

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