
नई दिल्ली: NEET पेपर लीक और CJP के विरोध-प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक माहौल लगातार गरमा रहा है। विपक्ष केंद्र सरकार पर हमलावर है। इसी बीच आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने इस मुद्दे पर बड़ा कदम उठाते हुए पहले दिल्ली पुलिस से प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज मामलों की जानकारी मांगी और बाद में खुद जंतर-मंतर पहुंचकर आंदोलनरत छात्रों के समर्थन में शामिल हुए।
जंतर-मंतर पहुंचकर छात्रों का किया समर्थन
अरविंद केजरीवाल ने प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि देशभर के युवा अपने भविष्य और न्याय की मांग को लेकर सड़क पर उतरे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार छात्रों की बात सुनने के बजाय उनके खिलाफ बल प्रयोग कर रही है। केजरीवाल ने कहा कि लोकतंत्र में युवाओं की आवाज सुनी जानी चाहिए और उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार होना चाहिए।
DCP को लिखा पत्र, मांगी FIR और हिरासत में लिए गए लोगों की सूची
जंतर-मंतर पहुंचने से पहले केजरीवाल ने नई दिल्ली के डीसीपी सचिन शर्मा को पत्र लिखकर सोमवार के प्रदर्शन के बाद दर्ज सभी FIR और हिरासत में लिए गए लोगों की पूरी जानकारी सार्वजनिक करने की मांग की। उन्होंने कहा कि ऐसी सूचनाएं मिली हैं कि कुछ लोगों को बिना FIR के भी हिरासत में रखा गया है। उन्होंने मांग की कि पूरी सूची सार्वजनिक की जाए ताकि जरूरतमंद लोगों को कानूनी सहायता मिल सके। इस मुद्दे को लेकर वह संसद मार्ग थाने भी पहुंचे।
दिल्ली पुलिस ने दर्ज कीं पांच FIR
दिल्ली पुलिस के अनुसार, प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा और तोड़फोड़ के संबंध में अब तक पांच FIR दर्ज की गई हैं। पुलिस का कहना है कि कुछ प्रदर्शनकारियों ने सरकारी वाहनों को नुकसान पहुंचाया और पुलिसकर्मियों पर पथराव किया। जांच एजेंसियां 250 से अधिक वीडियो, CCTV फुटेज, ड्रोन और बॉडी कैमरों की रिकॉर्डिंग की जांच कर रही हैं। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि प्रदर्शन के लिए लोगों को सोशल मीडिया और मैसेजिंग प्लेटफॉर्म के जरिए संगठित किया गया था या नहीं।
विपक्ष का सरकार पर हमला जारी
इस मुद्दे पर कांग्रेस भी लगातार केंद्र सरकार को घेर रही है। पार्टी ने छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई का विरोध करते हुए शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग दोहराई है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने सांकेतिक हथकड़ी दिखाकर विरोध जताया, जबकि पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी समेत कई नेताओं को प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया गया।
ममता बनर्जी ने भी दिया आंदोलन में शामिल होने का संकेत
इस बीच तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी ने भी घोषणा की है कि वह दिल्ली पहुंचकर CJP के आंदोलन में शामिल होंगी। इससे स्पष्ट है कि NEET पेपर लीक और छात्रों के आंदोलन का मुद्दा अब राष्ट्रीय राजनीति के केंद्र में पहुंच चुका है।


