
बिहार की राजधानी पटना में सोमवार को दिनदहाड़े कैश वैन लूटने की कोशिश से इलाके में अफरा-तफरी मच गई। कदमकुआं थाना क्षेत्र के वैशाली गोलंबर स्थित एचडीएफसी बैंक के सामने अपराधियों ने कैश वैन से रुपये लूटने का प्रयास किया, लेकिन गार्ड और स्थानीय लोगों की सतर्कता के कारण उनकी योजना विफल हो गई। इस दौरान एक बदमाश को हथियार के साथ मौके पर पकड़ लिया गया, जबकि उसके दो साथी बाइक से फरार होने में सफल रहे। घटना के बाद इलाके में भारी भीड़ जुट गई और पुलिस मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गई।
जानकारी के अनुसार घटना उस समय हुई जब कैश वैन बैंक के बाहर पहुंची थी और बैंक से नकदी लेकर वाहन में रखी जा रही थी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक कैश बॉक्स बैंक से निकालकर कैश वैन तक पहुंचाने की प्रक्रिया चल रही थी, तभी पहले से घात लगाए अपराधियों ने अचानक हमला कर कैश बॉक्स छीनने की कोशिश की। हालांकि सुरक्षा गार्ड ने तत्परता दिखाते हुए तुरंत हथियार निकाल लिया, जिससे अपराधी घबरा गए और उनकी योजना बिगड़ गई।
घटना के दौरान वहां मौजूद स्थानीय लोगों ने भी बहादुरी दिखाते हुए एक बदमाश को पकड़ लिया। लोगों ने उसे घेरकर दबोच लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। हालांकि उसके दो अन्य साथी मौके से बाइक पर फरार हो गए। घटना के बाद इलाके में कुछ देर के लिए तनाव का माहौल बन गया और आसपास मौजूद लोग दहशत में आ गए।
पुलिस के अनुसार पकड़ा गया आरोपी नौबतपुर का रहने वाला बताया जा रहा है। हालांकि उसकी पहचान को लेकर आधिकारिक तौर पर अभी खुलासा नहीं किया गया है। कदमकुआं थानाध्यक्ष जन्मजेय कुमार ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट हो गया है कि आरोपी पूरी तैयारी के साथ कैश वैन लूटने पहुंचा था। पूछताछ के दौरान उसने अपने दो अन्य साथियों के नाम भी बताए हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है।
घटना के बाद जब पुलिस ने आरोपी की तलाशी ली तो उसके झोले से एक देसी पिस्तौल बरामद हुई। पुलिस का कहना है कि अपराधी किसी भी स्थिति में लूट को अंजाम देने की तैयारी में थे। यदि गार्ड और स्थानीय लोग समय रहते सक्रिय नहीं होते तो बड़ी वारदात हो सकती थी। बरामद हथियार को जांच के लिए भेजा गया है ताकि यह पता लगाया जा सके कि उसका इस्तेमाल पहले किसी अन्य अपराध में हुआ था या नहीं।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि अपराधियों को कैश वैन की गतिविधियों और बैंक से नकदी ट्रांसफर की पूरी जानकारी थी। उन्हें यह पता था कि किस समय बैंक से रुपये से भरा बॉक्स बाहर निकाला जाएगा और उसे कैश वैन तक ले जाया जाएगा। इसी दौरान उन्होंने हमला करने की योजना बनाई थी। इससे आशंका जताई जा रही है कि अपराधियों को किसी अंदरूनी व्यक्ति से सूचना मिली हो सकती है। पुलिस अब इस एंगल पर भी जांच कर रही है।
पकड़े गए आरोपी ने पूछताछ में दावा किया है कि उसे कुछ लोगों ने इस वारदात के लिए तैयार किया था। उसने बताया कि उसे पहले खाना-पीना कराया गया और फिर कैश वैन लूटने के लिए मौके पर लाया गया। हालांकि पुलिस इस बयान की सत्यता की जांच कर रही है। अधिकारियों का मानना है कि आरोपी जांच को भटकाने की कोशिश भी कर सकता है।
घटना के बाद पुलिस ने बैंक और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है। फुटेज के जरिए फरार बदमाशों की पहचान करने की कोशिश की जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि सीसीटीवी के आधार पर फरार अपराधियों तक जल्द पहुंचा जा सकेगा। इसके अलावा बैंक कर्मचारियों और कैश वैन स्टाफ से भी पूछताछ की जा रही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि वैशाली गोलंबर इलाका हमेशा व्यस्त रहता है और यहां दिनभर लोगों की आवाजाही बनी रहती है। ऐसे इलाके में दिनदहाड़े कैश वैन लूटने की कोशिश ने लोगों को हैरान कर दिया है। लोगों ने पुलिस गश्ती और सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने की मांग की है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
विशेषज्ञों का मानना है कि हाल के वर्षों में कैश वैन और बैंक से जुड़े अपराधों में अपराधी अधिक संगठित तरीके से वारदात को अंजाम देने की कोशिश कर रहे हैं। अपराधी पहले बैंक की गतिविधियों पर नजर रखते हैं और फिर सही समय देखकर हमला करते हैं। यही वजह है कि अब सुरक्षा एजेंसियां कैश ट्रांसफर के दौरान अतिरिक्त सतर्कता बरतने पर जोर दे रही हैं।
इस घटना ने बैंक सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि गार्ड की तत्परता से बड़ी वारदात टल गई, लेकिन यह मामला दिखाता है कि अपराधी अब भीड़भाड़ वाले इलाकों में भी जोखिम उठाकर वारदात करने से पीछे नहीं हट रहे हैं।
पुलिस अधिकारियों ने कहा है कि फरार अपराधियों की तलाश के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। आसपास के जिलों में भी पुलिस को अलर्ट किया गया है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही पूरे गिरोह का खुलासा कर लिया जाएगा।
फिलहाल गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ जारी है और पुलिस इस पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी पहले भी किसी लूट या आपराधिक वारदात में शामिल रहा है या नहीं। घटना के बाद पटना पुलिस ने शहर के अन्य संवेदनशील बैंक और कैश ट्रांसफर पॉइंट्स पर भी निगरानी बढ़ा दी है ताकि किसी भी संभावित वारदात को रोका जा सके।


