
पटना। बिहार की राजधानी पटना की शहरी सूरत बदलने और यातायात की गंभीर समस्या के स्थायी समाधान की दिशा में सोमवार को एक बड़ा अध्याय जुड़ गया। पटना स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत मंदिरी नाले पर निर्मित नवनिर्मित फोर-लेन ‘नवीन किशोर सिन्हा पथ’ अब आम जनता के लिए खोल दिया गया है। 11 मई 2026 को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 115.08 करोड़ रुपये की लागत से तैयार इस अत्याधुनिक पथ का लोकार्पण किया। यह परियोजना न केवल पटना के बुनियादी ढांचे को मजबूती प्रदान करेगी, बल्कि मंदिरी और आसपास के इलाकों को प्रदूषण और गंदगी से मुक्ति दिलाकर एक नया व्यावसायिक केंद्र बनाने की क्षमता रखती है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर न केवल इस पथ के भविष्य के विस्तार की घोषणा की, बल्कि पटना के विकास के लिए वाटर मेट्रो और नई टाउनशिप जैसी कई महत्वाकांक्षी योजनाओं का खाका भी पेश किया।
प्रदूषण से प्रगति तक: मंदिरी नाले का नया स्वरूप
मंदिरी नाला पथ का निर्माण पटना स्मार्ट सिटी परियोजना की सबसे चुनौतीपूर्ण और सफल योजनाओं में से एक है। 1289 मीटर लंबा यह पथ उस नाले पर बनाया गया है जो कभी खुला रहने के कारण पूरे क्षेत्र के लिए प्रदूषण और बीमारियों का बड़ा स्रोत था। इस नाले का पूरी तरह जीर्णोद्धार कर इसे ढका गया है और उसके ऊपर आधुनिक चार-लेन वाली सड़क बनाई गई है। यह पथ इनकम टैक्स चौराहा को सीधे अशोक राजपथ से जोड़ता है, जिससे शहर के मध्य भाग में ट्रैफिक का दबाव काफी कम हो जाएगा।
लोकार्पण के बाद अपने संबोधन में सम्राट चौधरी ने कहा कि मंदिरी नाला खुला रहने के कारण इस क्षेत्र के निवासियों को काफी परेशानी होती थी। इस पथ के निर्माण से न केवल आवागमन सुगम होगा, बल्कि क्षेत्र की सुंदरता में भी अभूतपूर्व सुधार आया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस फोर-लेन सड़क को भविष्य में जेपी गंगापथ से भी जोड़ा जाएगा। इसके लिए उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि 31 मार्च 2027 तक इस कनेक्टिविटी कार्य को अनिवार्य रूप से पूर्ण किया जाए।
व्यावसायिक क्रांति और आर्थिक समृद्धि का नया विजन
मुख्यमंत्री ने इस पथ के निर्माण को केवल यातायात तक सीमित न रखते हुए इसके आर्थिक पहलुओं पर भी विस्तार से बात की। उन्होंने कहा कि नवीन किशोर सिन्हा पथ के निर्माण से यह पूरा इलाका आवासीय से व्यावसायिक क्षेत्र में तब्दील होने जा रहा है। आने वाले समय में यहाँ बड़े-बड़े मॉल और शो-रूम खुलेंगे, जिससे स्थानीय रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
इस विजन का श्रेय उन्होंने वर्तमान भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद नितिन नवीन को दिया। सम्राट चौधरी ने कहा कि नितिन नवीन ने इस क्षेत्र के विधायक रहते हुए मंदिरी नाले के विकास का सपना देखा था और इसे तत्कालीन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के समक्ष रखा। नीतीश कुमार ने इस विजन को जमीन पर उतारने का काम किया। मुख्यमंत्री ने अपने कार्यकाल को याद करते हुए बताया कि जब वे नगर विकास एवं आवास विभाग के मंत्री थे, तब नीतीश कुमार के निर्देश पर ही दीघा-आशियाना पथ को पायलट प्रोजेक्ट के रूप में बनाया गया था, जिसकी सफलता के बाद मंदिरी नाले पर यह बड़ा प्रयोग किया गया है।
वाटर मेट्रो और नया पाटलिपुत्र टाउनशिप: भविष्य का पटना
राजधानी पटना के विस्तार और आधुनिक विकास को लेकर मुख्यमंत्री ने कई बड़ी घोषणाएं कीं। उन्होंने बताया कि गंगा नदी में अगले डेढ़ महीने के अंदर वाटर मेट्रो सेवा शुरू कर दी जाएगी, जो शहर के सार्वजनिक परिवहन में एक क्रांतिकारी कदम होगा। इसके साथ ही, पटना को व्यवस्थित करने के लिए गंगा के दोनों ओर शहर का विस्तार किया जा रहा है।
पटना के आगामी बड़े प्रोजेक्ट्स:
- पाटलिपुत्र टाउनशिप: गंगा नदी के इस पार 66 हजार एकड़ भूमि पर ‘पाटलिपुत्र’ के नाम से एक नई और विशाल टाउनशिप विकसित की जाएगी।
- हरिहरनाथ टाउनशिप: गंगा के उस पार सोनपुर क्षेत्र में ‘हरिहरनाथ’ के नाम से एक नया शहर बसाया जाएगा, जिससे पटना पर आबादी का बोझ कम होगा।
- मेट्रो रेल योजना: पटना मेट्रो के कार्य को भी समय सीमा के भीतर तेजी से पूर्ण करने के निर्देश दिए गए हैं।
सुशासन और अपराध पर कड़ा प्रहार
विकास के साथ-साथ राज्य की कानून-व्यवस्था पर मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार का रुख अत्यंत स्पष्ट कर दिया। उन्होंने कहा कि बिहार में सुशासन को हर हाल में बनाए रखा जाएगा। उन्होंने अपराधियों को खुली चेतावनी देते हुए कहा कि अगर कोई अपराधी पुलिस को चुनौती देगा, तो उसे 48 घंटे के अंदर पुलिस का करारा जवाब मिलेगा। अपराध मुक्त बिहार की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराते हुए उन्होंने कहा कि अपराधी किसी भी जाति या धर्म का हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा। राज्य में न्याय के साथ विकास का कार्य जारी रहेगा और इंडस्ट्री लाने के लिए सुशासन की गति को और बढ़ाया जाएगा।
सम्राट चौधरी ने बिहार की आर्थिक स्थिति को मजबूत करने में सुशील कुमार मोदी, बिजेंद्र प्रसाद यादव और विजय कुमार चौधरी जैसे पूर्व वित्त मंत्रियों के योगदान की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि वर्तमान में 3 लाख 47 हजार करोड़ रुपये का बजट बिहार की बढ़ती आर्थिक ताकत का प्रमाण है।
नवीन किशोर सिन्हा को श्रद्धांजलि और प्रतिमा की घोषणा
आज के इस कार्यक्रम का विशेष महत्व इसलिए भी था क्योंकि यह दिवंगत नेता नवीन किशोर सिन्हा की जयंती का अवसर था। मुख्यमंत्री ने उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित करते हुए उनके कार्यों को याद किया। उन्होंने घोषणा की कि इस पथ पर नवीन किशोर सिन्हा की एक भव्य मूर्ति स्थापित की जाएगी। सम्राट चौधरी ने अधिकारियों को यह लक्ष्य दिया कि अगले वर्ष जब उनकी जयंती मनाई जाए, तब तक यहाँ प्रतिमा स्थापित हो जानी चाहिए।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को यह भी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि मंदिरी नाले की साफ-सफाई की व्यवस्था चाक-चौबंद रहे ताकि शहर में जलजमाव की कोई समस्या उत्पन्न न हो। उन्होंने सभी से मिलकर बिहार को एक विकसित और समृद्ध राज्य बनाने का संकल्प लेने का आह्वान किया।
समारोह में उपस्थित गणमान्य अधिकारी और नेता
इस गरिमामयी लोकार्पण समारोह में नगर विकास एवं आवास विभाग के प्रधान सचिव विनय कुमार ने मुख्यमंत्री का स्वागत हरित पौधा भेंटकर किया। कार्यक्रम को भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव और नगर विकास एवं आवास मंत्री नीतीश मिश्रा ने भी संबोधित किया।
इस अवसर पर सहकारिता मंत्री रामकृपाल यादव, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी, विधायक संजीव चौरसिया, विधायक रत्नेश कुमार, पटना की महापौर सीता साहू, धार्मिक न्यास पर्षद के अध्यक्ष रणवीर नंदन, उपमहापौर रेशमी चंद्रवंशी और किसान आयोग के अध्यक्ष रूप नारायण मेहता मौजूद थे। प्रशासनिक अधिकारियों में मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, नगर विकास विभाग के सचिव संदीप आर पुडकलकट्टी, पटना प्रमंडल आयुक्त अनिमेष पराशर, नगर आयुक्त यशपाल मीणा, पुलिस महानिदेशक जितेंद्र राणा, जिलाधिकारी त्यागराजन एसएम और वरीय पुलिस अधीक्षक कार्तिकेय के शर्मा सहित कई अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में मंदिरी नाला पथ के निर्माण की प्रक्रिया पर आधारित एक लघु फिल्म भी दिखाई गई।


