
भागलपुर: बिहार सरकार के पंचायती राज विभाग के निर्देश पर शनिवार को भागलपुर जिले की सभी 238 ग्राम पंचायतों में उत्साहपूर्वक ‘पंचायत विकास दिवस’ मनाया गया। इस अवसर पर ग्राम सभाओं के माध्यम से विकास योजनाओं की समीक्षा, जनसमस्याओं की सुनवाई और पंचायतों को अधिक सशक्त एवं जवाबदेह बनाने पर विशेष जोर दिया गया।
महेशी पंचायत पहुंचीं जिलाधिकारी

भागलपुर की जिलाधिकारी ने सुल्तानगंज प्रखंड की महेशी ग्राम पंचायत में आयोजित कार्यक्रम में भाग लिया और ग्राम सभा की अध्यक्षता की। इस दौरान उन्होंने जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और ग्रामीणों के साथ विभिन्न विकास योजनाओं की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की।
नल-जल योजना और पंचायतों को सशक्त बनाने पर फोकस

ग्राम सभा में मुख्यमंत्री नल-जल योजना की प्रगति की समीक्षा की गई। साथ ही “सशक्त एवं प्रशासनयुक्त पंचायत” की अवधारणा पर चर्चा करते हुए पंचायतों को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और जनोन्मुखी बनाने पर बल दिया गया।
राशन कार्ड के लिए लिए गए आवेदन, जनसुनवाई भी हुई
कार्यक्रम के दौरान राशन कार्ड से वंचित पात्र लोगों से आवेदन लिए गए, ताकि उन्हें जल्द योजना का लाभ मिल सके। इसके अलावा आयोजित जनसुनवाई में ग्रामीणों ने अपनी समस्याओं और शिकायतों से संबंधित आवेदन दिए, जिनके त्वरित निष्पादन के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश जारी किए गए।
महिलाओं को योजनाओं की दी जानकारी

जिलाधिकारी ने ग्रामीणों, विशेषकर महिलाओं से संवाद कर उन्हें महिला सशक्तिकरण और कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि पंचायत विकास दिवस का उद्देश्य ग्रामीणों की भागीदारी बढ़ाना, विकास कार्यों की समीक्षा करना और शासन तथा आम जनता के बीच संवाद को मजबूत करना है।
सभी पंचायतों में हुई विकास कार्यों की समीक्षा
जिले की सभी 238 पंचायतों में पंचायत प्रतिनिधियों, विभिन्न विभागों के अधिकारियों, जीविका दीदियों, आशा कार्यकर्ताओं और बड़ी संख्या में ग्रामीणों की भागीदारी रही। निर्धारित एजेंडे पर चर्चा करते हुए विकास कार्यों की समीक्षा की गई और समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की गई।
कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान और बिहार गीत के सामूहिक गायन के साथ किया गया।


