मालदा मंडल की बड़ी कार्रवाई, ऑपरेशन ‘उपलब्ध’ के तहत अवैध रेलवे टिकट कारोबार का भंडाफोड़; दो गिरफ्तार

मालदा। रेलवे में अवैध टिकट कारोबार पर शिकंजा कसने के लिए चलाए जा रहे राष्ट्रव्यापी अभियान “ऑपरेशन उपलब्ध” के तहत मालदा मंडल रेलवे सुरक्षा बल ने बड़ी कार्रवाई करते हुए झारखंड के गोड्डा जिले में दो लोगों को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों पर रेलवे आरक्षण टिकटों की अवैध खरीद-फरोख्त और अधिक कीमत पर बिक्री करने का आरोप है। रेलवे सुरक्षा बल की टीम ने छापेमारी के दौरान उनके पास से हजारों रुपये मूल्य के लाइव रेलवे टिकट, मोबाइल फोन और कई महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए हैं।

रेलवे अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई मालदा मंडल के अंतर्गत आने वाले सैटेलाइट रिजर्वेशन ऑफिस यानी SRO महागामा में की गई। रेलवे सुरक्षा बल की इस कार्रवाई के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। अधिकारियों का कहना है कि यह अभियान यात्रियों को निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से रेलवे टिकट उपलब्ध कराने के उद्देश्य से चलाया जा रहा है।

ऑपरेशन “उपलब्ध” के तहत चल रहा विशेष अभियान

भारतीय रेलवे की ओर से देशभर में “ऑपरेशन उपलब्ध” नाम से विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य अवैध टिकट दलालों और फर्जी टिकट कारोबार में शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई करना है ताकि आम यात्रियों को आरक्षित टिकट आसानी से मिल सके।

रेलवे सुरक्षा बल लगातार रेलवे आरक्षण केंद्रों, ऑनलाइन टिकटिंग गतिविधियों और संदिग्ध एजेंटों पर निगरानी रख रहा है। मालदा मंडल में भी इस अभियान को गंभीरता से लागू किया गया है।

रेलवे अधिकारियों के मुताबिक यह पूरी कार्रवाई मंडल रेल प्रबंधक मनीष कुमार गुप्ता के मार्गदर्शन और मंडल सुरक्षा आयुक्त असीम कुमार कुल्लू के पर्यवेक्षण में की जा रही है। आरपीएफ की विशेष टीमों को लगातार सक्रिय रखा गया है ताकि टिकट दलालों पर प्रभावी कार्रवाई की जा सके।

महागामा SRO में हुई छापेमारी

रेलवे सुरक्षा बल की अपराध शाखा यानी RPF/CIB मालदा की विशेष टीम ने 9 मई 2026 को झारखंड के गोड्डा जिले स्थित महागामा सैटेलाइट रिजर्वेशन ऑफिस में छापेमारी की। अधिकारियों को सूचना मिली थी कि कुछ लोग रेलवे आरक्षण काउंटर के आसपास अवैध टिकटिंग गतिविधियों में लगे हुए हैं और जरूरतमंद यात्रियों से अतिरिक्त पैसे लेकर टिकट उपलब्ध करा रहे हैं।

सूचना के आधार पर टीम ने निगरानी शुरू की और संदिग्ध गतिविधियों की पुष्टि होने के बाद कार्रवाई की गई। छापेमारी के दौरान दो लोगों को मौके से पकड़ा गया। जांच में पता चला कि दोनों व्यक्ति रेलवे टिकटों की अवैध खरीद-फरोख्त कर रहे थे।

प्रीमियम दरों पर बेचे जा रहे थे टिकट

जांच में सामने आया कि आरोपी जरूरतमंद यात्रियों को रेलवे टिकट अधिक कीमत पर बेच रहे थे। आरोप है कि वे आरक्षण काउंटर और टिकटिंग सिस्टम का दुरुपयोग कर टिकट हासिल करते थे और फिर उन्हें प्रीमियम रेट पर बेचते थे।

रेलवे अधिकारियों के अनुसार इस तरह की गतिविधियों से आम यात्रियों को भारी परेशानी होती है। कई बार जरूरतमंद यात्रियों को टिकट नहीं मिल पाता, जबकि दलाल टिकटों को ब्लॉक कर अतिरिक्त मुनाफा कमाते हैं।

रेलवे सुरक्षा बल का कहना है कि इसी प्रकार की अवैध गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए “ऑपरेशन उपलब्ध” को पूरे देश में सख्ती से लागू किया जा रहा है।

मौके से बरामद हुए लाइव टिकट और दस्तावेज

छापेमारी के दौरान आरपीएफ टीम ने आरोपियों के पास से कई महत्वपूर्ण सामान जब्त किए। अधिकारियों के अनुसार मौके से लाइव रेलवे आरक्षण टिकट, मोबाइल फोन, यात्रियों से संबंधित दस्तावेज और अन्य आपत्तिजनक सामग्री बरामद की गई।

जांच में पाया गया कि जब्त किए गए रेलवे टिकटों की कुल कीमत लगभग 75 हजार 705 रुपये थी। अधिकारियों ने बताया कि इतने बड़े मूल्य के टिकटों का मिलना इस बात का संकेत है कि आरोपी लंबे समय से इस अवैध कारोबार में सक्रिय थे।

पूछताछ में नहीं दिखा सके वैध दस्तावेज

रेलवे सुरक्षा बल द्वारा पूछताछ किए जाने पर आरोपी टिकटों के संबंध में कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। अधिकारियों ने बताया कि दोनों व्यक्तियों से टिकटों के स्रोत और यात्रियों से संबंधी जानकारी मांगी गई, लेकिन वे संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए।

पूछताछ के दौरान आरोपियों ने कथित तौर पर अवैध टिकटिंग गतिविधियों में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली। इसके बाद रेलवे अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया।

कहलगांव RPF पोस्ट में दर्ज हुआ मामला

कार्रवाई पूरी होने के बाद दोनों आरोपियों को आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए रेलवे सुरक्षा बल पोस्ट कहलगांव लाया गया। वहां उनके खिलाफ रेलवे अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है।

अधिकारियों का कहना है कि मामले की विस्तृत जांच जारी है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इस नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। जांच एजेंसियां आरोपियों के मोबाइल फोन और अन्य दस्तावेजों की भी जांच कर रही हैं।

रेलवे यात्रियों के लिए राहत भरी कार्रवाई

रेलवे अधिकारियों ने कहा कि इस प्रकार की कार्रवाई से वास्तविक यात्रियों को काफी राहत मिलेगी। अवैध टिकट दलाल अक्सर त्योहारों, छुट्टियों और भीड़भाड़ वाले सीजन में सक्रिय हो जाते हैं और टिकटों की कालाबाजारी कर यात्रियों से मोटी रकम वसूलते हैं।

रेलवे का मानना है कि यदि ऐसे नेटवर्क पर समय रहते कार्रवाई की जाए तो यात्रियों को पारदर्शी तरीके से टिकट उपलब्ध कराए जा सकते हैं।

मालदा मंडल की सतर्कता की सराहना

इस सफल कार्रवाई के बाद मालदा मंडल रेलवे सुरक्षा बल की सतर्कता की सराहना की जा रही है। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि आरपीएफ लगातार टिकट दलालों के खिलाफ अभियान चला रहा है और भविष्य में भी ऐसी कार्रवाई जारी रहेगी।

मालदा मंडल के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि रेलवे टिकटिंग व्यवस्था को पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष बनाए रखना उनकी प्राथमिकता है। इसके लिए रेलवे सुरक्षा बल को तकनीकी निगरानी, खुफिया सूचना और विशेष अभियान के जरिए लगातार सक्रिय रखा गया है।

यात्रियों से भी की गई अपील

रेलवे सुरक्षा बल ने यात्रियों से अपील की है कि वे केवल अधिकृत माध्यमों से ही रेलवे टिकट खरीदें और किसी भी अनधिकृत एजेंट या दलाल से टिकट न लें। अधिकारियों ने कहा कि यदि कोई व्यक्ति अवैध टिकटिंग गतिविधियों की जानकारी देता है तो उसकी सूचना को गोपनीय रखा जाएगा।

रेलवे प्रशासन ने यह भी कहा कि यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा के लिए भविष्य में भी “ऑपरेशन उपलब्ध” के तहत सख्त कार्रवाई जारी रहेगी ताकि रेलवे टिकटों की कालाबाजारी पर पूरी तरह रोक लगाई जा सके।

  • ये भी पढ़े..

    गोलाघाट और बौसी पुल के पास ROB निर्माण की समस्याओं पर एक्शन, 26 जून को होगा संयुक्त निरीक्षण

    Share Add as a preferred…

    गया सेंट्रल जेल में बड़ा एक्शन! डिप्टी सुपरिटेंडेंट सुदर्शन प्रसाद सिंह निलंबित, अपराधियों से मिलीभगत समेत कई गंभीर आरोप

    Share Add as a preferred…