CBSE के नाम पर बिहार में बड़ा फर्जीवाड़ा! पटना के दो निजी स्कूलों पर FIR की सिफारिश, अभिभावकों को किया जा रहा था गुमराह

मान्यता के बिना ‘CBSE Affiliated’ लिखकर चल रहे स्कूल, जांच के बाद शिक्षा विभाग सख्त

पटना। बिहार में केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) के नाम का दुरुपयोग कर स्कूल चलाने का मामला सामने आया है। राजधानी पटना के दो निजी स्कूलों पर बिना मान्यता के सीबीएसई के नाम का इस्तेमाल कर अभिभावकों और छात्रों को गुमराह करने के आरोप में प्राथमिकी (FIR) दर्ज करने की सिफारिश की गई है। इस खुलासे के बाद शिक्षा विभाग ने राज्यभर में ऐसे स्कूलों की जांच तेज करने के संकेत दिए हैं।

मिली जानकारी के अनुसार पटना के सेंट पॉल्स इंटरनेशनल स्कूल, साधनापुरी और सेंट पॉल्स इंटरनेशनल हाई स्कूल पर सीबीएसई का नाम अवैध रूप से इस्तेमाल करने का आरोप लगा है। इस मामले में सीबीएसई के क्षेत्रीय कार्यालय की शिकायत के आधार पर कार्रवाई शुरू की गई है। अधिकारियों का कहना है कि अगर जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित स्कूलों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

‘CBSE Affiliated’ लिखकर अभिभावकों को किया जा रहा था भ्रमित

जांच में सामने आया है कि कई निजी स्कूल अपने बोर्ड और विज्ञापनों में बड़े अक्षरों में “CBSE Affiliated” लिख देते हैं, जबकि छोटे अक्षरों में “To Be” या “Applied For” जैसे शब्द जोड़ देते हैं। इससे अभिभावकों को यह भ्रम हो जाता है कि स्कूल को सीबीएसई की मान्यता मिल चुकी है, जबकि वास्तव में ऐसा नहीं होता।

इसी भ्रम का फायदा उठाकर कई स्कूल बिना आधिकारिक मान्यता के ही छात्रों का नामांकन कर लेते हैं और वर्षों तक संस्थान चलाते रहते हैं।

दूसरे स्कूल से कराया जाता है बोर्ड रजिस्ट्रेशन

शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार ऐसे कई स्कूल कक्षा 9 से 12 तक की पढ़ाई भी कराते हैं, जबकि उनके पास बोर्ड की मान्यता नहीं होती। ऐसे में छात्रों का बोर्ड रजिस्ट्रेशन किसी दूसरे सीबीएसई से संबद्ध विद्यालय के माध्यम से कराया जाता है। छात्र पढ़ाई एक स्कूल में करते हैं, लेकिन बोर्ड परीक्षा किसी दूसरे स्कूल के नाम से देते हैं।

विशेषज्ञों का कहना है कि यह व्यवस्था नियमों के खिलाफ है और इससे छात्रों के भविष्य पर भी खतरा पैदा हो सकता है।

राज्यभर में हो सकती है जांच

शिक्षा विभाग के अनुसार बिहार के कई जिलों में इस तरह के स्कूल संचालित होने की शिकायतें पहले भी मिलती रही हैं। हालांकि अब पटना में सामने आए मामले के बाद राज्यभर में ऐसे स्कूलों की जांच तेज होने की संभावना है।

अधिकारियों का कहना है कि अगर किसी स्कूल द्वारा सीबीएसई का नाम गलत तरीके से इस्तेमाल किया जाता है तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

अभिभावकों को सतर्क रहने की सलाह

शिक्षा विशेषज्ञों ने अभिभावकों से अपील की है कि बच्चों का नामांकन किसी भी स्कूल में कराने से पहले उसकी मान्यता की पूरी जानकारी जरूर जांच लें। सीबीएसई की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर किसी भी विद्यालय की संबद्धता (Affiliation) आसानी से देखी जा सकती है।

अगर किसी स्कूल का नाम बोर्ड की सूची में नहीं है, तो वहां बच्चों का दाखिला कराने से पहले पूरी जांच करना जरूरी है। सही जानकारी और सतर्कता ही अभिभावकों को इस तरह की धोखाधड़ी से बचा सकती है।

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