पटना में आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने BPSC TRE 3.0 पेपर लीक कांड में बड़ी सफलता हासिल की है।
कई महीनों से फरार चल रहा पेपर माफिया संजय कुमार प्रभात आखिरकार गिरफ्तार कर लिया गया। टीम ने उसे गोला रोड, पटना से दबोचा और 09 दिसंबर को न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
शेखपुरा का रहने वाला, महीनों से फरार
EOU के अनुसार संजय प्रभात, पिता रामलखन प्रसाद, शेखपुरा जिले के शेखोपुर बाजार का निवासी है।
8 दिसंबर को उसके पटना में छिपे होने की सूचना मिली, जिसके बाद EOU की टीम ने कार्रवाई की।
उस पर 15 मार्च 2024 को आयोजित BPSC TRE 3.0 शिक्षक भर्ती परीक्षा के पेपर लीक में अहम भूमिका निभाने का आरोप है।
संजय प्रभात—इंटर-स्टेट पेपर लीक गैंग का सक्रिय सदस्य
EOU ने बताया कि संजय प्रभात:
- कुख्यात संजीव मुखिया गिरोह का सदस्य रहा है
- बिहार, झारखंड, यूपी समेत कई राज्यों में पेपर लीक रैकेट चलाता था
- कई प्रतियोगी परीक्षाओं में उसकी भूमिका पहले भी सामने आ चुकी है
तेलंगाना से उत्तराखंड तक जुड़ा नेटवर्क
संजय प्रभात पर कई राज्यों में गंभीर केस दर्ज हैं—
- TSEAMCET-2016 पेपर लीक (तेलंगाना) → CID हैदराबाद द्वारा जांच
- AIPMT-2016 पेपर लीक (उत्तराखंड, रामनगर) → आरोपी
- बिहार में कई बड़े पेपर लीक मामलों का मास्टरमाइंड
अभ्यर्थियों से वसूली करता था एक–एक लाख रुपये
EOU सूत्रों के अनुसार पूछताछ में संजय ने स्वीकार किया:
- TRE-3 परीक्षा में उम्मीदवारों से लगभग ₹1 लाख प्रति अभ्यर्थी लिया
- आगामी परीक्षाओं के लिए भी Admit Card और दस्तावेज इकट्ठा कर “सेटिंग” कराने का दावा कर रहा था
- बड़ी रकम अलग-अलग खातों और माध्यमों से वसूलता था
अब EOU उसका मनी ट्रेल, बैंक डिटेल और नेटवर्क की जांच कर रही है।
अब तक 289 गिरफ्तार
TRE-3 पेपर लीक कांड में:
- 289 आरोपी गिरफ्तार
- कई अभी भी फरार
- EOU की टीम लगातार छापेमारी में जुटी
EOU ने कहा कि बिहार में प्रतियोगी परीक्षाओं में किसी भी तरह की गड़बड़ी बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
राजनीति में भी सक्रिय रहा संजय प्रभात
- इस बार बारबीघा सीट से निर्दलीय चुनाव लड़ चुका है
- लंबे समय तक बिहार कांग्रेस से जुड़ा रहा
- कांग्रेस टिकट न मिलने पर चुनाव स्वतंत्र रूप से लड़ा
- 15 करोड़ से अधिक की संपत्ति का मालिक
उस पर IPC की कई गंभीर धाराएँ (420, 406, 408, 120B) पहले से दर्ज हैं।
EOU की निगरानी और तेज—10 और 14 दिसंबर की परीक्षाएं अलर्ट मोड में
राज्य में:
- 10 दिसंबर को चालक सिपाही भर्ती परीक्षा
- 14 दिसंबर को प्रवर्तन अवर निरीक्षक परीक्षा
इन परीक्षाओं को पारदर्शी तरीके से कराने के लिए EOU खास निगरानी रख रही है और छापेमारी तेज कर दी गई है।


