
पटना: जनता दल (यूनाइटेड) ने बिहार प्रदेश संगठन की नई टीम की घोषणा कर दी है। प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा ने नई प्रदेश कार्यकारिणी की सूची जारी करते हुए 12 प्रदेश उपाध्यक्ष, 38 महासचिव, 74 सचिव, 9 प्रदेश प्रवक्ता और 15 प्रकोष्ठों के गठन की घोषणा की है।
पार्टी ने एक बार फिर ललन सर्राफ को प्रदेश कोषाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी है।
नीतीश कुमार और संजय झा की सहमति के बाद जारी हुई सूची
पार्टी की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, यह सूची जेडीयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार और कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा की सहमति के बाद जारी की गई है।
नई प्रदेश कमेटी में कई पुराने नेताओं को दोबारा मौका दिया गया है, वहीं कई नए और युवा चेहरों को भी संगठन में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां मिली हैं। पार्टी ने प्रदेश कार्यकारिणी के गठन में सामाजिक और जातीय संतुलन का भी विशेष ध्यान रखा है।
इन नेताओं को बनाया गया प्रदेश उपाध्यक्ष
जिन नेताओं को प्रदेश उपाध्यक्ष बनाया गया है, उनमें प्रमुख नाम हैं—
- रमेश ऋषिदेव
- महाबली सिंह
- विनोद यादव
- संजय सिंह
- सुमित कुमार सिंह
- मंजर आलम
- कलाधर मंडल
- प्रमिला कुमारी प्रजापति
- ज्ञानचंद पटेल
- मालती सिंह
- किरण रंजन
- परशुराम तत्वा
नीरज कुमार फिर बने मुख्य प्रवक्ता
पार्टी ने नीरज कुमार को एक बार फिर मुख्य प्रवक्ता की जिम्मेदारी सौंपी है।
इसके अलावा प्रदेश प्रवक्ता के रूप में—
- निहोरा प्रसाद यादव
- भारती मेहता
- नवल शर्मा
- अभिषेक झा
- शंभूनाथ सिंह
- अनुप्रिया
- चंदन कुमार सिंह
- पूजा एंड शर्मा (पैट्रिक)
को भी नियुक्त किया गया है।
“काम करने वालों को मिला सम्मान”
प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा ने कहा—
“जो भी कार्यकर्ता विधानसभा चुनाव में सक्रिय रहे और जिन्होंने संगठन के लिए अच्छा काम किया, उन्हें प्रदेश कमेटी में स्थान दिया गया है। आगे भी जो बेहतर काम करेंगे, उन्हें संगठन में जिम्मेदारी दी जाएगी।”
लंबे इंतजार के बाद हुआ प्रदेश कमेटी का गठन
गौरतलब है कि जेडीयू में मार्च 2026 में राष्ट्रीय और प्रदेश अध्यक्ष का चुनाव पूरा हो गया था। इसके बाद राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद नीतीश कुमार ने राष्ट्रीय कार्यकारिणी का गठन कर दिया था, लेकिन प्रदेश कमेटी की घोषणा लंबित थी।
पार्टी कार्यकर्ता और नेता लंबे समय से नई प्रदेश टीम का इंतजार कर रहे थे। हालांकि इस बार कई नेताओं को जगह नहीं मिल पाई है। अब राजनीतिक हलकों की नजर इस बात पर है कि नई कमेटी को लेकर पार्टी के भीतर क्या प्रतिक्रिया सामने आती है।


