दरभंगा। उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने दरभंगा में आयोजित जनसंवाद कार्यक्रम में आम लोगों की शिकायतें सीधे सुनीं। इस दौरान सबसे ज्यादा मामले भूमि और दाखिल–खारिज से जुड़े सामने आए। लोगों ने बताया कि महीनों–सालों से वे दफ्तरों के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन न तो काम होता है और न ही स्पष्ट जवाब मिलता है।
एक साल से भटक रहे फरियादी की कहानी
कार्यक्रम में एक फरियादी ने बताया कि उनके परिवार की जमीन का दाखिल–खारिज एक साल से लंबित है। हर बार कार्यालय जाने पर उनसे “पानी–पानी” (रिश्वत) की मांग की जाती है। उन्होंने यह भी बताया कि उनके पिता पैरालिसिस से पीड़ित हैं, इसलिए बार–बार दफ्तर आना उनके लिए संभव नहीं है।
इस पर डिप्टी सीएम ने सख्ती से सवाल किया—
“45 साल की जमीन के लिए आपने अब तक एक बार की रसीद कटवाई है या पूरे 45 साल की?”
उन्होंने फरियादी को निर्देश दिया कि वे स्थानीय सीओ से मिलकर सभी कागजात स्पष्ट कराएं, ताकि मामले का त्वरित समाधान हो सके।
दलालों पर कड़ा रुख
फरियादी ने बताया कि दलाल पैसे तो लेते हैं, पर काम अधूरा छोड़ देते हैं। इस पर विजय सिन्हा ने साफ कहा—
“अब दलाली का दौर खत्म होगा। जो अधिकारी या दलाल पैसे मांगेंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। दलाली करने वालों का रास्ता सीधे कानूनी कार्रवाई तक जाएगा।”
पारदर्शिता का भरोसा
डिप्टी सीएम ने भरोसा दिलाया कि अब दाखिल–खारिज और जमीन से जुड़ी प्रक्रियाओं में पारदर्शिता लाई जाएगी। जनसंवाद के माध्यम से लोगों को सीधे अधिकारियों से जोड़कर लंबी प्रक्रिया और भ्रष्ट हस्तक्षेप को खत्म किया जाएगा।
जनता–सरकार के बीच सीधा संवाद
यह कार्यक्रम इसलिए भी अहम रहा क्योंकि इसमें लोगों को खुलकर अपनी बात रखने का मंच मिला और प्रशासन को सीधी फीडबैक। विजय सिन्हा ने दोहराया कि सरकार जनहित में सख्त है और भ्रष्टाचार पर शून्य सहनशीलता की नीति अपनाई जाएगी।


