
हत्या से पहले मनाया गया था जश्न
पटना। गैंगस्टर चंदन मिश्रा हत्याकांड में मुख्य आरोपी तौसीफ बादशाह एक बार फिर विवादों में है। सोशल मीडिया पर एक पोस्टर वायरल हो रहा है, जिसमें वह पूर्व केंद्रीय मंत्री और राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी (RLJP) के अध्यक्ष पशुपति नाथ पारस के साथ खड़ा नजर आ रहा है। वायरल पोस्टर में तौसीफ के नाम के नीचे ‘समाजसेवी’ लिखा हुआ है।
राजनीतिक संपर्कों पर उठे सवाल
इस तस्वीर के वायरल होने के बाद सवाल उठने लगे हैं कि क्या तौसीफ को राजनीतिक संरक्षण प्राप्त था। बता दें कि पशुपति नाथ पारस, केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान के चाचा हैं और स्व. रामविलास पासवान के भाई हैं। RLJP की स्थापना रामविलास पासवान के निधन के बाद की गई थी, जिसमें पारस पार्टी के अध्यक्ष बने।
हत्या से एक दिन पहले जश्न और फायरिंग
गैंगस्टर चंदन मिश्रा की पारस अस्पताल में दिनदहाड़े हत्या से एक दिन पहले, फुलवारी शरीफ के खलीलपुर इलाके में अपराधियों ने जश्न मनाया था। इलाके में फायरिंग भी की गई थी, जिसकी सूचना स्थानीय पुलिस को मिली थी। हालांकि, पुलिस के पहुंचने से पहले ही सभी अपराधी फरार हो गए, जिनमें तौसीफ भी शामिल था।
हत्या के बाद आठ हिरासत में, गिरफ्तारी नहीं
पुलिस ने इस सनसनीखेज हत्याकांड के बाद तौसीफ से जुड़े आठ लोगों को हिरासत में लिया है, जिनसे पूछताछ जारी है। हालांकि, अब तक किसी की औपचारिक गिरफ्तारी नहीं हुई है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, CCTV फुटेज और वायरल वीडियो के आधार पर तौसीफ की भूमिका स्पष्ट है, लेकिन मुख्य आरोपी अब भी फरार है।
सवालों के घेरे में सुरक्षा एजेंसियां
हत्या से एक दिन पहले खुलेआम जश्न और फायरिंग की घटना पर पुलिस की निष्क्रियता भी सवालों के घेरे में है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर पुलिस ने समय रहते कार्रवाई की होती, तो चंदन मिश्रा की हत्या टाली जा सकती थी।


