
नई दिल्ली: NEET-UG परीक्षा में कथित अनियमितताओं को लेकर जारी आंदोलन के बीच बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया है। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और केंद्र सरकार के बीच तीसरे दौर की अहम वार्ता शुरू हो गई है। यह बैठक दिल्ली के कॉन्स्टीट्यूशन क्लब में हो रही है।
सरकार की ओर से केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह बैठक में शामिल हुए हैं, जबकि CJP प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व आशुतोष रांका और सौरव दास कर रहे हैं।
सरकार ने पहले मांगा था समय
शुक्रवार को हुई दूसरे दौर की बैठक में CJP ने सरकार को अपना मांगपत्र सौंपा था। बताया गया था कि सरकार ने कुछ मांगों पर सकारात्मक रुख दिखाया, लेकिन केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के मुद्दे पर निर्णय के लिए शनिवार दोपहर तक का समय मांगा था।
हालांकि, निर्धारित समय से पहले ही धर्मेंद्र प्रधान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना इस्तीफा भेज दिया, जिससे आंदोलन और वार्ता दोनों ने नया मोड़ ले लिया।
इस्तीफे के बाद पहली औपचारिक बैठक
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद CJP और सरकार के बीच यह पहली आधिकारिक बैठक है। अब माना जा रहा है कि वार्ता में आंदोलन की शेष मांगों पर चर्चा होगी।
बताया जा रहा है कि CJP अपनी अन्य प्रमुख मांगों—प्रभावित परिवारों के लिए मुआवजा, प्रदर्शनकारियों पर दर्ज मामलों और पुलिस कार्रवाई जैसे मुद्दों—को भी बैठक में प्रमुखता से उठाएगी।
प्रेस कॉन्फ्रेंस पर टिकी निगाहें
सूत्रों के अनुसार, बैठक समाप्त होने के बाद सरकार और CJP दोनों अलग-अलग प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सकते हैं, जिसमें वार्ता के नतीजों और आगे की रणनीति की जानकारी दी जा सकती है।
देशभर की नजरें अब इस बात पर टिकी हैं कि तीसरे दौर की बातचीत से क्या कोई अंतिम सहमति बनती है या आंदोलन आगे भी जारी रहेगा।


