बिहार में धनतेरस के मौके पर बाजारों में जबर्दस्त रौनक देखने को मिली। खासकर गया शहर में इस बार 500 करोड़ रुपये से अधिक का कारोबार हुआ। 50 रुपये की झाड़ू से लेकर 50 लाख रुपये तक की कार की बिक्री हुई। सोना-चांदी, इलेक्ट्रॉनिक्स, बर्तन और वाहनों की दुकानों पर ग्राहकों की भारी भीड़ रही।
बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, इस बार 30 से 40 फीसदी कारोबार सिर्फ वाहनों से हुआ है। वहीं, जीएसटी दर में कमी की वजह से वाहन और इलेक्ट्रॉनिक वस्तुओं की बिक्री में उल्लेखनीय बढ़ोतरी देखी गई।
वाहनों की बिक्री में बंपर बढ़ोतरी:
ऑटोमोबाइल कारोबारी सिद्धि नाथ ने बताया कि गया शहर में लगभग 200 करोड़ रुपये के वाहन बिके हैं। इसमें 1200 से अधिक चारपहिया गाड़ियां और 2000 के करीब बाइकें शामिल हैं।
उन्होंने कहा,
“पिछले साल की तुलना में लगभग 470 वाहन अधिक बिके हैं। 2024 में 720 गाड़ियां बिकी थीं, जबकि इस साल 1200 से अधिक कारें बिकीं। सिर्फ बुलेट की बिक्री ही 2 करोड़ रुपये से ऊपर रही।”
गाड़ियों की अधिक बिक्री की मुख्य वजह जीएसटी दरों में कमी बताई जा रही है, जिससे दाम कम होने के बाद लोगों ने बड़ी संख्या में बुकिंग की।
सोना-चांदी की दुकानों पर भीड़:
धनतेरस के शुभ अवसर पर सोना और चांदी की खरीदारी भी जोरों पर रही। गया शहर में मौजूद 100 से अधिक ज्वेलरी शोरूम पर ग्राहकों की लंबी कतारें लगीं। कारोबारियों के मुताबिक, 50 करोड़ रुपये से अधिक के सोने-चांदी और डायमंड के गहने बिके हैं।
शादी-विवाह सीजन को देखते हुए बड़ी संख्या में परिवारों ने धनतेरस पर गहनों की खरीदारी की।
इलेक्ट्रॉनिक्स की बिक्री में भी उछाल:
धनतेरस पर इस बार 40 से 50 करोड़ रुपये के इलेक्ट्रॉनिक सामान बिके। टावर चौक, बजाज रोड, जीबी रोड, गोल पत्थर और एपी कॉलोनी के इलाकों में ग्राहकों की भीड़ देर रात तक बनी रही।
चेंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष भूपेंद्र अग्रवाल ने बताया —
“इस बार धनतेरस का बाजार पिछले साल की तुलना में लगभग 40 फीसदी ज्यादा रहा। कार, बाइक और इलेक्ट्रॉनिक गुड्स की मांग में सबसे ज्यादा वृद्धि दर्ज की गई।”
घरेलू सामान और बर्तन की बिक्री:
बर्तन बाजारों में भी जबर्दस्त हलचल रही। रसोई से जुड़े सामानों की बिक्री देर रात तक जारी रही।
व्यापारी गया प्रसाद ने बताया —
“करीब 25 करोड़ रुपये से अधिक का बर्तन का कारोबार हुआ है। ग्राहकों की पसंद में भी इस बार बदलाव देखने को मिला।”
इसी तरह, प्रिंस प्लास्टिक के प्रोपराइटर बन्नू ने कहा कि
“चूल्हा, इंडक्शन, मिक्सर-ग्राइंडर और इलेक्ट्रिक कैटल की बिक्री में इस बार जबर्दस्त उछाल रहा।”
कुल कारोबार का अनुमान:
| श्रेणी | अनुमानित कारोबार (₹ करोड़) |
|---|---|
| वाहन (कार और बाइक) | 200 |
| सोना-चांदी | 50 |
| इलेक्ट्रॉनिक्स | 40-50 |
| बर्तन और घरेलू सामान | 25 |
| अन्य (कपड़े, पूजा-सामग्री आदि) | 150-175 |
| कुल अनुमानित कारोबार | 500+ करोड़ |
धनतेरस 2025 ने गया के बाजारों को नई ऊंचाई दी है। जीएसटी घटने और उपभोक्ताओं के बढ़ते विश्वास के चलते इस बार खरीदारी में 40% से अधिक की वृद्धि दर्ज की गई है। कारोबारी उम्मीद कर रहे हैं कि दीपावली और छठ तक यह रौनक बनी रहेगी।


