भागलपुर। नीति आयोग की पहल पर शुरू किए गए संपूर्णता अभियान 2.0 की औपचारिक शुरुआत शुक्रवार को भागलपुर जिले के पीरपैंती और सन्हौला प्रखंड से हुई। पीरपैंती में कार्यक्रम का उद्घाटन विधायक मुरारी पासवान ने किया, जबकि सन्हौला में अभियान की शुरुआत प्रखंड प्रमुख द्वारा की गई। इस मौके पर जिला योजना पदाधिकारी मोनू कुमार भी मौजूद रहे।
यह अभियान 28 जनवरी से 14 अप्रैल 2026 तक चलेगा। यानी पूरे 75 दिनों तक जिला प्रशासन और संबंधित विभाग मिलकर आकांक्षी ब्लॉकों में जरूरी सेवाओं को शत-प्रतिशत तक पहुंचाने का प्रयास करेंगे।
पहले चरण की सफलता के बाद शुरू हुआ नया अभियान
नीति आयोग द्वारा वर्ष 2024 में शुरू किए गए संपूर्णता अभियान को शानदार सफलता मिली थी। उसी की तर्ज पर अब संपूर्णता अभियान 2.0 शुरू किया गया है, जिसका मकसद अब तक छूटे हुए लाभार्थियों और सेवाओं को भी पूरी तरह कवर करना है।
भागलपुर के 5 आकांक्षी ब्लॉकों पर रहेगा फोकस
इस अभियान के तहत भागलपुर जिले के 5 आकांक्षी ब्लॉकों में छह प्रमुख संकेतकों (KPI) को शत-प्रतिशत तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए स्वास्थ्य, शिक्षा, पोषण, स्वच्छता और पशुपालन विभाग मिलकर काम करेंगे।
इन 6 प्रमुख बिंदुओं पर होगा काम
- आईसीडीएस के तहत 6 माह से 6 वर्ष तक के बच्चों को नियमित पूरक पोषण।
- आंगनवाड़ी केंद्रों में बच्चों की नियमित माप (वजन-लंबाई) की शत-प्रतिशत रिपोर्टिंग।
- सभी संचालित आंगनवाड़ी केंद्रों में कार्यात्मक शौचालय।
- सभी आंगनवाड़ी केंद्रों में स्वच्छ पेयजल की सुविधा।
- स्कूलों में छात्राओं के लिए पर्याप्त शौचालय की उपलब्धता।
- गोवंश का एफएमडी टीकाकरण शत-प्रतिशत करना।
जमीनी स्तर पर होगा असर
जिला प्रशासन का कहना है कि इस अभियान का सीधा फायदा बच्चों, महिलाओं, छात्रों और ग्रामीण परिवारों को मिलेगा। इससे पोषण, स्वच्छता और स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार होगा और आकांक्षी ब्लॉकों की रैंकिंग में भी भागलपुर को मजबूती मिलेगी।
जिला प्रशासन की अपील
प्रशासन ने सभी पंचायत प्रतिनिधियों, आंगनवाड़ी सेविकाओं, स्वास्थ्यकर्मियों और शिक्षकों से अपील की है कि वे अभियान में सक्रिय भूमिका निभाएं, ताकि कोई भी पात्र लाभार्थी योजना से वंचित न रहे।


