हाजीपुर। केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान लंबे समय बाद अपने संसदीय क्षेत्र हाजीपुर पहुंचे। दौरे की शुरुआत उन्होंने अपने पिता और दिवंगत केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर की। इस दौरान चिराग भावुक नजर आए और पिता से आशीर्वाद लिया। बिहार विधानसभा चुनाव के बाद यह उनका पहला बड़ा सार्वजनिक कार्यक्रम था, लेकिन कंबल वितरण कार्यक्रम के दौरान हालात अचानक बिगड़ गए।
कंबल वितरण कार्यक्रम में उमड़ी भारी भीड़
प्रतिमा स्थल पर आयोजित कंबल वितरण कार्यक्रम की सूचना फैलते ही बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए। ठंड के मौसम में गरीब और जरूरतमंद लोगों के लिए यह कार्यक्रम अहम माना जा रहा था। चिराग पासवान के पहुंचते ही लोगों ने नारेबाजी शुरू कर दी और कंबल पाने के लिए भीड़ तेजी से आगे बढ़ने लगी। मौके पर मौजूद सुरक्षा व्यवस्था भीड़ को नियंत्रित करने में नाकाम नजर आई।
धक्का-मुक्की और अफरा-तफरी
जैसे ही चिराग पासवान कंबल बांटने के लिए आगे बढ़े, भीड़ बेकाबू हो गई। धक्का-मुक्की शुरू हो गई और कई लोग एक-दूसरे से कंबल छीनते नजर आए। हालात इतने खराब हो गए कि चिराग पासवान कुछ ही लोगों को कंबल बांट पाए। स्थिति बिगड़ती देख उन्हें कार्यक्रम स्थल से जल्द निकलना पड़ा।
नाराज लोगों ने भाजपा विधायक को घेरा
कंबल नहीं मिलने से कई लोग नाराज हो गए। गुस्साई भीड़ ने मौके पर मौजूद स्थानीय भाजपा विधायक अवधेश सिंह को घेर लिया और विरोध जताया। विधायक ने हाथ जोड़कर लोगों से माफी मांगी और कहा कि उन्हें पहले से यह जानकारी नहीं थी कि कार्यक्रम चिराग पासवान का है। उन्होंने लोगों को शांत करने की कोशिश की, लेकिन नाराजगी कम नहीं हुई।
खास लोगों को कंबल देने का आरोप
कार्यक्रम में मौजूद कई लोगों ने आरोप लगाया कि कंबल वितरण के नाम पर आम लोगों को बुलाया गया, लेकिन कंबल सिर्फ खास और परिचित लोगों को ही दिए गए। गरीब और जरूरतमंद परिवारों को नजरअंदाज किया गया, जिससे उनमें भारी निराशा देखी गई। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस घटना ने कार्यक्रम की व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
स्थानीय लोगों का आरोप:
“कंबल वितरण के नाम पर बुलाया गया, लेकिन कंबल सिर्फ खास लोगों को ही दिए गए। क्या वोट सिर्फ वही लोग देते हैं?”
‘लैंड फॉर जॉब’ मामले पर चिराग का बयान
कार्यक्रम के बाद चिराग पासवान ने लालू प्रसाद यादव के परिवार से जुड़े ‘लैंड फॉर जॉब’ मामले में आरोप तय होने पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि यह पूरी तरह कानूनी प्रक्रिया है और देश का कानून सभी के लिए समान है। चिराग ने कहा कि जो भी दोषी होगा, उसे किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा और उन्हें न्याय व्यवस्था पर पूरा भरोसा है।


