- शादी या सौदा? रोहतास के बिक्रमगंज में पुलिस ने अवैध रूप से शादी कराने वाले संगठित गिरोह का किया भंडाफोड़; पैसों का लालच देकर लड़कियों को राजस्थान भेजने का चल रहा था खेल।
- राजस्थान कनेक्शन: गिरफ्तार आरोपियों में राजस्थान के बाप-बेटे भी शामिल; स्थानीय दलाल पति-पत्नी मिलकर फंसाते थे शिकार, पुलिस ने 20 हजार नकद बरामद किए।
- शिकायत: अकोढ़ी गोला की शिवानी कुमारी की शिकायत पर पुलिस ने की त्वरित कार्रवाई; एसडीपीओ सिंधु शेखर सिंह ने किया खुलासा।
द वॉयस ऑफ बिहार (रोहतास/बिक्रमगंज)
रोहतास (Rohtas) जिले की बिक्रमगंज पुलिस (Bikramganj Police) ने मानव तस्करी और अवैध शादी (Illegal Marriage) कराने वाले एक बड़े रैकेट का पर्दाफाश किया है। यह गिरोह भोली-भाली लड़कियों और उनके परिवारों को पैसों का लालच देकर राजस्थान (Rajasthan) ले जाता था और वहां अवैध तरीके से उनकी शादी करवाता था। पुलिस ने इस मामले में एक महिला समेत कुल चार लोगों को गिरफ्तार किया है।
पैसे के लेनदेन पर विवाद से खुला राज
बिक्रमगंज के एसडीपीओ सिंधु शेखर सिंह (SDPO Sindhu Shekhar Singh) ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि अवैध शादी और दलालों द्वारा पैसे का लालच देकर किसी को राजस्थान ले जाने को लेकर विवाद हो रहा है।
- कार्रवाई: सूचना मिलते ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की। अकोढ़ी गोला (Akorhi Gola) की रहने वाली आवेदिका शिवानी कुमारी (Shivani Kumari) के आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की गई, जिसमें इस रैकेट की परतें खुल गईं।
राजस्थान से आए थे ‘खरीददार’
पुलिस जांच में सामने आया कि यह गिरोह आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को टारगेट करता था। गिरफ्तार आरोपियों में स्थानीय दलालों के साथ-साथ राजस्थान के लोग भी शामिल हैं:
- संजय साह और उनकी पत्नी रूबी देवी (निवासी: सेमरिया, थाना- करगहर, रोहतास)।
- निर्मल कुमार और उनके पिता रतन लाल (निवासी: सवाईपुर, थाना- बड़िलियास, जिला- भीलवाड़ा, राजस्थान)। पुलिस ने इनके पास से 20 हजार रुपये नकद भी बरामद किए हैं।
पुलिस फिलहाल सभी आरोपियों से पूछताछ कर रही है और इस रैकेट से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी है।
गरीबों की मजबूरी का फायदा उठाने वाला यह गिरोह समाज के लिए खतरा है।


