सड़क दुर्घटना पीड़ितों को मुआवजा देने में देश में बिहार पहले स्थान पर

पटना, 27 सितंबर 2025: बिहार में सड़क दुर्घटना पीड़ितों को मुआवजा देने के मामले में राज्य ने राष्ट्रीय स्तर पर नया कीर्तिमान स्थापित किया है। राज्य सरकार द्वारा स्थापित मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण (MACT) और बीमा कंपनियों के सहयोग से दुर्घटना में घायल या मृतकों को समय पर मुआवजा दिलाने का कार्य तेजी से किया जा रहा है।


Non Hit and Run मामलों में मुआवजा भुगतान

सड़क दुर्घटना में घायल या मृतक व्यक्तियों को मुआवजा देने के लिए CMV Rule (संशोधन) 2022 के नियम 150(A) के तहत प्रक्रिया तय की गई है।

  • दुर्घटना में शामिल वाहन चालक (Driver’s Form-III) और वाहन स्वामी (Owner’s Form-IV) को 30 दिनों के भीतर संबंधित प्रपत्र भरकर अन्वेषण अधिकारी को सौंपना अनिवार्य है।
  • यह नियम सर्वोच्च न्यायालय के निर्देश के अनुपालन में लागू किया गया है।

राज्य में कुल 10 मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण (MACT) कार्यरत हैं, जो कुल 38 जिलों को कवर करते हैं। प्रमुख न्यायाधिकरण इस प्रकार हैं:

दावा न्यायाधिकरणआच्छादित जिलेई-मेल
पटनानालंदा, पटना[email protected]
सारणगोपालगंज, सारण, सिवान[email protected]
भागलपुरबाँका, भागलपुर[email protected]
पूर्णियाँअररिया, कटिहार, पूर्णियाँ, किशनगंज[email protected]
मुजफ्फरपुरमुजफ्फरपुर, प०चम्पारण, पू०चम्पारण, शिवहर, सीतामढ़ी, वैशाली[email protected]
गयाअरवल, औरंगाबाद, गया, जहानाबाद, नवादा[email protected]
दरभंगादरभंगा, मधुबनी, समस्तीपुर[email protected]
मुंगेरबेगूसराय, जमुई, खगड़िया, लखीसराय, मुंगेर, शेखपुरा[email protected]
डेहरीभोजपुर, बक्सर, कैमूर, रोहतास[email protected]
सहरसामधेपुरा, सहरसा, सुपौल[email protected]

Non Hit and Run मामलों में मुआवजा भुगतान का विवरण:

दावा न्यायाधिकरणकुल मामले (मुआवजा आदेश)मुआवजे की राशि (लाख)भुगतान किए गए मामलेभुगतान राशि (लाख)
पटना2142352.511531891.96
सारण156909.8763397.5
भागलपुर3063071.4662202252.55
पूर्णियाँ1841169.06112626.85
मुजफ्फरपुर2592005.85115997.25
गया2301265.1598756.5
मुंगेर471580.961411138.34
डेहरी24186.4519172.13
सहरसा8449.500
कुल162613233.179458419.53

Hit and Run मामलों में मुआवजा भुगतान

Hit and Run मोटर दुर्घटना पीड़ितों को मुआवजा योजना 2022 के अंतर्गत:

  • गंभीर चोट: ₹50,000/-
  • मृत्यु: ₹2,00,000/-

15 सितंबर 2025 तक:

  • कुल 9,080 मामलों को बीमा परिषद (GIC) को भेजा गया।
  • इनमें से 5,830 पीड़ितों/परिजनों को मुआवजा भुगतान किया गया।

बिहार Hit and Run मामलों में मुआवजा भुगतान के मामले में देश में पहले स्थान पर है।


विशेष जानकारी:
एडीजी (ट्रैफिक) सुधांशु कुमार के अनुसार, राज्य में दुर्घटना मामलों के निपटान का समय 6 से 12 महीने के भीतर सुनिश्चित किया जाता है। इस प्रक्रिया में पुलिस, वाहन चालक, वाहन स्वामी और बीमा कंपनी की भूमिकाएं स्पष्ट रूप से निर्धारित हैं।

इस व्यवस्था से बिहार में सड़क दुर्घटना पीड़ितों को तेजी और पारदर्शिता के साथ मुआवजा दिलाने में सफलता मिली है।


 

  • ये भी पढ़े..

    टीएनबी कॉलेजिएट मैदान में पार्क निर्माण का विरोध, बच्चों के खेल मैदान को बचाने सड़क पर उतरे स्थानीय लोग

    Share Add as a preferred…

    अमडंडा थाना का कथित वीडियो वायरल, थाने के भीतर युवक के नशा सेवन का दावा; पुलिस पर रिश्वत लेकर छोड़ने के आरोप

    Share Add as a preferred…