
भागलपुर: जिले में अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत नाथनगर थाना पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जिसके पास से 14 ग्राम स्मैक, 50 हजार रुपये नकद, एक मैगजीन और एक जिंदा कारतूस बरामद किया गया। इस कार्रवाई को भागलपुर पुलिस की नशा तस्करी और संगठित अपराध के खिलाफ चल रही मुहिम में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार जिले में अवैध शराब, हथियार और मादक पदार्थों के कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए लगातार विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में नाथनगर थाना क्षेत्र के बाबूटोला इलाके में एक व्यक्ति द्वारा गंभीर आपराधिक गतिविधियों को अंजाम देने की तैयारी और अवैध सामग्री रखने की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन हरकत में आ गया और सत्यापन के बाद छापेमारी की योजना बनाई गई।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर नगर पुलिस अधीक्षक, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी नगर-02 तथा नाथनगर थाना पुलिस की संयुक्त निगरानी में एक विशेष टीम का गठन किया गया। टीम को सूचना के सत्यापन और त्वरित कार्रवाई की जिम्मेदारी दी गई। पुलिस ने पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए संदिग्ध ठिकाने पर छापेमारी की और वहां से बड़ी मात्रा में आपत्तिजनक सामग्री बरामद की।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने मनोज यादव को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपी नाथनगर थाना क्षेत्र के बाबूटोला का रहने वाला बताया गया है। पुलिस ने उसके घर की तलाशी के दौरान 14 ग्राम स्मैक बरामद की। इसके अलावा एक मैगजीन, एक जिंदा कारतूस और 50 हजार रुपये नकद भी जब्त किए गए। बरामद नकदी को लेकर पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि यह रकम मादक पदार्थों की बिक्री से जुड़ी है या किसी अन्य आपराधिक गतिविधि का हिस्सा है।
पुलिस सूत्रों का मानना है कि बरामद स्मैक की मात्रा भले ही बहुत अधिक नहीं है, लेकिन इसके पीछे एक बड़े नेटवर्क के जुड़े होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। इसी वजह से आरोपी से गहन पूछताछ की जा रही है। जांच एजेंसियां यह जानने की कोशिश कर रही हैं कि स्मैक की आपूर्ति कहां से की जा रही थी और इसके वितरण का नेटवर्क किन-किन क्षेत्रों तक फैला हुआ है।
गिरफ्तारी के बाद आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस ने बताया कि मामले में शामिल अन्य संभावित अपराधियों की तलाश भी की जा रही है। इसके लिए लगातार छापेमारी और जांच अभियान चलाया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि यदि पूछताछ में किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ भी कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
भागलपुर पुलिस का कहना है कि जिले में नशे के कारोबार को किसी भी कीमत पर पनपने नहीं दिया जाएगा। युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाने और अपराध पर नियंत्रण पाने के लिए लगातार अभियान चलाए जा रहे हैं। हाल के महीनों में कई मामलों में अवैध शराब, स्मैक और अन्य मादक पदार्थों की बरामदगी हुई है, जिससे स्पष्ट है कि पुलिस इस दिशा में लगातार सक्रिय है।
पुलिस अधिकारियों ने आम लोगों से भी अपील की है कि यदि उनके आसपास किसी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि दिखाई दे तो इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें। नागरिकों के सहयोग से अपराध और नशे के कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सकता है। प्रशासन का मानना है कि समाज और पुलिस की साझी भागीदारी से ही नशामुक्त और सुरक्षित वातावरण तैयार किया जा सकता है।
इस पूरे अभियान में नाथनगर थाना के कई पुलिसकर्मियों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। छापेमारी दल में थाना स्तर के अधिकारियों के साथ अन्य पुलिसकर्मी भी शामिल थे, जिन्होंने सूचना के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को दबोचने में सफलता हासिल की। पुलिस टीम की इस कार्रवाई की स्थानीय स्तर पर भी सराहना हो रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि बिहार सहित देश के कई हिस्सों में स्मैक और अन्य नशीले पदार्थों का अवैध कारोबार युवाओं के भविष्य के लिए गंभीर चुनौती बनता जा रहा है। ऐसे में पुलिस की समय पर की गई कार्रवाई न केवल अपराधियों के खिलाफ सख्त संदेश देती है, बल्कि समाज में सुरक्षा और कानून व्यवस्था के प्रति विश्वास भी मजबूत करती है। नाथनगर में हुई यह गिरफ्तारी इसी दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है। आने वाले दिनों में पुलिस जांच से इस मामले के और भी महत्वपूर्ण पहलू सामने आने की संभावना है।


