
भागलपुर। सिल्क सिटी भागलपुर में नशे के अवैध कारोबार और मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ पुलिस प्रशासन ने अपनी ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। वरीय पुलिस अधीक्षक के कड़े निर्देशों के आलोक में चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत शनिवार, 11 अप्रैल 2026 को औद्योगिक प्रक्षेत्र (इंडस्ट्रियल एरिया) थाना पुलिस ने मंसरपुर इलाके में छापेमारी कर गांजा तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। इस कार्रवाई में पुलिस ने एक महिला समेत दो शातिर तस्करों को रंगे हाथों दबोचा है, जिनके पास से 6 किलो 120 ग्राम अवैध गांजा बरामद किया गया है। यह छापेमारी न केवल नशे के कारोबारियों के लिए एक चेतावनी है, बल्कि यह क्षेत्र में बढ़ते मादक पदार्थों के प्रचलन को रोकने की दिशा में एक प्रभावी कदम भी माना जा रहा है। पुलिस की इस तत्परता ने अपराधियों के बीच हड़कंप मचा दिया है और आम जनता के बीच सुरक्षा का भाव सुदृढ़ किया है।
गुप्त सूचना पर बिछाया गया ‘सुरक्षा चक्र’
इस पूरी कार्रवाई की नींव एक गुप्त लेकिन सटीक सूचना पर टिकी थी। पुलिस प्रशासन को निरंतर यह इनपुट मिल रहे थे कि औद्योगिक प्रक्षेत्र थानांतर्गत मंसरपुर के कुछ रिहायशी इलाकों में अवैध मादक पदार्थों का भंडारण कर उसे गुपचुप तरीके से बेचा जा रहा है। शनिवार को सूचना और पुख्ता हुई कि मंसरपुर निवासी कंचन कुमारी, पति-स्व० अंकित आदित्य, के घर पर गांजे की एक बड़ी खेप पहुँची है और वहां से उसकी खरीद-बिक्री की तैयारी चल रही है।
सूचना की गंभीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक ने नगर पुलिस अधीक्षक के पर्यवेक्षण में एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया। इस टीम का नेतृत्व अनुमण्डल पुलिस पदाधिकारी (नगर-01) और औद्योगिक प्रक्षेत्र थानाध्यक्ष को सौंपा गया। टीम में महिला सिपाहियों और सशस्त्र बल के जवानों को भी शामिल किया गया ताकि किसी भी विषम परिस्थिति और भागने की संभावनाओं को विफल किया जा सके। पुलिस ने मंसरपुर की उन गलियों की पहले ही रेकी कर ली थी जहाँ तस्करों का यह गढ़ था।
घेराबंदी और नाटकीय पकड़: भागने की कोशिश हुई नाकाम
जैसे ही पुलिस की गठित टीम मंसरपुर स्थित कंचन कुमारी के घर पर पहुँची, वहां मौजूद संदिग्धों में हड़कंप मच गया। पुलिस की गाड़ियों को देखते ही घर के भीतर मौजूद दो व्यक्ति भागने के प्रयास में पिछवाड़े की ओर दौड़ने लगे। हालांकि, पुलिस टीम ने पहले ही घर के सभी संभावित निकास द्वारों की घेराबंदी कर रखी थी। सशस्त्र बल के जवानों ने मुस्तैदी दिखाते हुए पीछा किया और दोनों को धर दबोचा। पकड़े गए व्यक्तियों में पहली गृहस्वामी कंचन कुमारी थी और दूसरा उसका सहयोगी अमन राज, जो सबौर थाना क्षेत्र के मिर्जापुर का रहने वाला है।
पकड़े जाने के बाद जब पुलिस ने घर की सघन तलाशी ली, तो वहां से मादक पदार्थों की दुर्गंध आने लगी। जांच के दौरान सफेद रंग के पैकेटों में भरा हुआ भारी मात्रा में गांजा बरामद हुआ। पुलिस ने जब उसका वजन कराया, तो वह कुल 6 किलो 120 ग्राम निकला। इसके अलावा आरोपितों के पास से एक मोबाइल फोन और 300 रुपये नकद भी बरामद किए गए। मोबाइल फोन की जांच से यह पता चलने की उम्मीद है कि इस अवैध व्यापार के तार जिले के अन्य किन इलाकों से जुड़े हुए हैं।
अपराधियों का विवरण और कानूनी शिकंजा
पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपितों का आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है। पकड़े गए आरोपितों का विवरण निम्नलिखित है:
- कंचन कुमारी: पति-स्व० अंकित आदित्य, साकिन-मंसरपुर, थाना-औद्योगिक प्रक्षेत्र, जिला-भागलपुर। यह महिला अपने ही घर का इस्तेमाल गांजा भंडारण और वितरण केंद्र के रूप में कर रही थी।
- अमन राज: पिता-अरविन्द कुमार यादव, साकिन-मिर्जापुर, थाना-सबौर, जिला-भागलपुर। अमन राज मुख्य रूप से माल की आपूर्ति और ग्राहकों तक पहुँचाने का काम देख रहा था।
पुलिस ने इस संबंध में एनडीपीएस (NDPS) एक्ट की सुसंगत धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली है। आरोपितों से प्रारंभिक पूछताछ में कई अहम सुराग मिले हैं, जिनके आधार पर पुलिस अब उन ‘बड़े खिलाड़ियों’ तक पहुँचने की कोशिश कर रही है जो बंगाल या उड़ीसा के रास्ते भागलपुर में गांजे की खेप भेजते हैं। पुलिस का मानना है कि यह पकड़ा गया स्टॉक केवल एक हिस्सा है और मंसरपुर जैसे क्षेत्रों में और भी कई ठिकाने हो सकते हैं।
छापेमारी दल की कार्यकुशलता: सुशासन का संदेश
इस सफल अभियान को अंजाम देने वाले दल में औद्योगिक प्रक्षेत्र थाना के पुलिस अधिकारियों और कर्मियों की भूमिका सराहनीय रही। टीम में मुख्य रूप से निम्नलिखित सदस्य शामिल थे:
- पु०अ०नि० सह-थानाध्यक्ष बुद्धदेव पासवान, औद्योगिक प्रक्षेत्र थाना।
- पु०अ०नि० सुधांशु शेखर, औद्योगिक प्रक्षेत्र थाना।
- पु०अ०नि० दशरथ ओझा, औद्योगिक प्रक्षेत्र थाना।
- म०सि० ब्यूटी कुमारी और सोनी कुमारी (महिला सुरक्षा और आरोपित महिला की गिरफ्तारी हेतु)।
- चौकीदार संजीव कुमार पासवान और अजय कुमार पासवान (स्थानीय इनपुट और पहचान हेतु)।
थानाध्यक्ष बुद्धदेव पासवान के नेतृत्व में टीम ने जिस पेशेवर तरीके से इस छापेमारी को अंजाम दिया, उससे यह स्पष्ट है कि भागलपुर पुलिस अब अपराधियों के ‘हॉट स्पॉट्स’ को चिन्हित कर उन पर सर्जिकल स्ट्राइक करने के लिए तैयार है। महिला पुलिस कर्मियों की मौजूदगी ने कानून सम्मत प्रक्रिया को सुगम बनाया, विशेषकर महिला आरोपित की गिरफ्तारी के दौरान।
मादक पदार्थों का बढ़ता जाल और सामाजिक चिंता
6 किलो से अधिक गांजे की बरामदगी यह संकेत देती है कि शहर के शांत इलाकों में नशे की जड़ें कितनी गहरी हो चुकी हैं। भागलपुर के औद्योगिक प्रक्षेत्र और जीरो माइल जैसे इलाके तस्करी के लिए ‘ट्रांजिट पॉइंट’ के रूप में इस्तेमाल किए जाते रहे हैं। गांजा और अन्य मादक पदार्थों की उपलब्धता सीधे तौर पर युवाओं और छात्रों के भविष्य को अंधकार में डाल रही है। पुलिस का मानना है कि चोरी और छिनतई जैसी वारदातों के पीछे भी अक्सर नशे की लत ही मुख्य कारण होती है।
वरीय पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान केवल गांजा तक सीमित नहीं रहेगा। अवैध शराब, हथियार और अन्य प्रतिबंधित पदार्थों के खिलाफ भी इसी तरह की कठोर कार्रवाई जारी रहेगी। पुलिस अब उन मकान मालिकों पर भी नजर रख रही है जो बिना सत्यापन के संदिग्ध लोगों को घर किराए पर देते हैं या जहाँ इस तरह की अवैध गतिविधियाँ फलती-फूलती हैं।
निष्कर्ष: सुशासन की दिशा में एक और कदम
मंसरपुर की यह छापेमारी भागलपुर पुलिस की मुस्तैदी का प्रमाण है। 6.120 किलोग्राम गांजा की बरामदगी से निश्चित रूप से क्षेत्र में नशे की आपूर्ति श्रृंखला (Supply Chain) पर प्रहार हुआ है। कंचन कुमारी और अमन राज की गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस इस नेटवर्क के ऊपरी स्तर तक पहुँचने के लिए छापेमारी कर रही है। पुलिस ने आम जनता से भी अपील की है कि वे अपने आस-पड़ोस में होने वाली किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें, ताकि एक नशा मुक्त और सुरक्षित समाज का निर्माण किया जा सके।
फिलहाल, दोनों गिरफ्तार आरोपितों को न्यायिक हिरासत में जेल भेजने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। मोबाइल फोन से प्राप्त कॉल डिटेल्स और व्हाट्सएप चैट के जरिए पुलिस अब उन सफेदपोश चेहरों को बेनकाब करने की तैयारी में है जो पर्दे के पीछे से इस काले कारोबार को संरक्षण देते हैं। भागलपुर की जनता ने पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई का स्वागत किया है और उम्मीद जताई है कि भविष्य में भी ऐसे अभियान जारी रहेंगे।


