
लकड़ाकोल गांव में पुलिस और ग्रामीणों के बीच झड़प
भागलपुर/पीरपैंती, 26 जुलाई 2025 — पीरपैंती थाना क्षेत्र के लकड़ाकोल गांव में शुक्रवार देर रात कहलगांव पुलिस और ग्रामीणों के बीच तनावपूर्ण झड़प हो गई, जो बाद में गोलीबारी तक पहुंच गई। इस घटना में कहलगांव थाना के तीन पुलिसकर्मी और गांव के दो युवक घायल हो गए हैं।
विवाद की शुरुआत ट्रक खरीद के लेन-देन से जुड़ी
प्राप्त जानकारी के अनुसार, ट्रक खरीद-फरोख्त से जुड़े विवाद में कहलगांव अनुमंडल के तीन पुलिस जवान सिविल ड्रेस में शुक्रवार देर रात लकड़ाकोल गांव पहुंचे। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस जवानों ने गांव में पहुंचकर राजेश यादव के दरवाजे के पास अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। गोली चलने की आवाज सुनते ही गांव के लोग जुट गए और तीनों जवानों को पकड़ लिया।
स्थानीय पुलिस को नहीं थी सूचना, ग्रामीणों ने समझा अपराधी
बताया जाता है कि तीनों जवान बिना वर्दी के और बिना किसी आधिकारिक सूचना के गांव पहुंचे थे, जिससे ग्रामीणों को शक हुआ कि ये अपराधी हैं जो फिरौती के उद्देश्य से आए हैं। आक्रोशित ग्रामीणों ने तीनों को पकड़ लिया और हाथापाई भी हुई।
एसडीपीओ पहुंचे मौके पर, घायल पुलिसकर्मी अस्पताल में भर्ती
घटना की सूचना मिलते ही कहलगांव एसडीपीओ अर्जुन गुप्ता मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित किया। घायल पुलिसकर्मियों को तत्काल कहलगांव अनुमंडलीय अस्पताल में भर्ती कराया गया। वहीं, ग्रामीणों के दो युवक भी घायल बताए जा रहे हैं, जिनका इलाज स्थानीय स्तर पर चल रहा है।
पुलिस का पक्ष: किसी युवक को बंधक बनाने और पैसे की मांग की थी सूचना
एसडीपीओ अर्जुन गुप्ता ने घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि किसी युवक को बंधक बना लिया गया है और उसके बदले पैसे की मांग की जा रही है। इसी आधार पर तीन पुलिसकर्मी जांच करने पहुंचे थे। उन्होंने कहा कि प्रारंभिक जांच में मामला आपसी पैसे के लेन-देन से जुड़ा प्रतीत हो रहा है और दोनों पक्ष पूर्व से एक-दूसरे को जानते हैं।
जांच जारी, जिम्मेदारों पर होगी कार्रवाई
घटना को लेकर उच्च स्तरीय जांच शुरू कर दी गई है। एसडीपीओ ने स्पष्ट किया कि बिना वर्दी और स्थानीय थाना को सूचना दिए बिना गांव में प्रवेश करना गंभीर मामला है। यदि किसी स्तर पर नियमों की अनदेखी हुई है तो संबंधित पुलिसकर्मियों पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
स्थिति तनावपूर्ण पर नियंत्रण में
घटना के बाद गांव में स्थिति तनावपूर्ण बनी रही, लेकिन पुलिस बल की तैनाती के साथ हालात को काबू में कर लिया गया है। जिला प्रशासन की ओर से शांति बनाए रखने की अपील की गई है।


