
बेंगलुरु, 28 अप्रैल 2026। कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु के गौडाहल्ली इलाके से एक दर्दनाक और रहस्यमयी मामला सामने आया है, जहां 30 वर्षीय विवाहिता सुजाता की वॉशिंग मशीन से करंट लगने के कारण मौत हो गई। शुरुआती तौर पर यह घटना एक घरेलू हादसा लग रही थी, लेकिन जैसे-जैसे मामले की परतें खुल रही हैं, यह संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत बनती जा रही है।
मृतका के परिजनों ने इस घटना को महज दुर्घटना मानने से इनकार करते हुए उसके पति चेतन पर हत्या का गंभीर आरोप लगाया है। पुलिस अब इस मामले की हर एंगल से जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।
घटना कैसे हुई
जानकारी के अनुसार, सुजाता सोमवार सुबह करीब 7:30 बजे अपने घर में कपड़े धोने के लिए वॉशिंग मशीन के पास गई थीं। उसी दौरान अचानक उन्हें तेज करंट लगा, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गईं।
परिवार के लोगों ने उन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई और स्थानीय लोगों में भी चिंता का माहौल बन गया।
10 साल पहले हुई थी शादी
सुजाता की शादी करीब 10 वर्ष पहले चेतन नामक व्यक्ति से हुई थी, जो बेंगलुरु में रियल एस्टेट व्यवसाय से जुड़ा बताया जाता है। सुजाता मूल रूप से तुमकुर जिले के हेग्गेरे गांव की रहने वाली थीं और अपने माता-पिता की चौथी संतान थीं।
शादी के बाद कुछ वर्षों तक सब कुछ सामान्य रहा, लेकिन धीरे-धीरे पति-पत्नी के बीच विवाद बढ़ने लगे।
वैवाहिक विवाद ने बढ़ाया शक
मृतका के माता-पिता ने इस मामले में बड़ा खुलासा करते हुए आरोप लगाया है कि उनकी बेटी लंबे समय से मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना का शिकार हो रही थी।
परिजनों के अनुसार, पति चेतन अक्सर सुजाता के साथ मारपीट करता था और उसे परेशान करता था। इसी कारण वह एक महीने पहले अपने मायके चली गई थी।
बताया जाता है कि करीब एक सप्ताह पहले ही चेतन और उसकी मां ने उसे समझाकर वापस बुलाया था। लेकिन घर लौटने के महज आठ दिन बाद ही उसकी संदिग्ध मौत हो गई, जिससे परिवार का शक और गहरा गया है।
सास ने दामाद पर जताया शक
मृतका की मां ने स्पष्ट रूप से कहा है कि यह कोई सामान्य हादसा नहीं है, बल्कि एक सुनियोजित साजिश हो सकती है। उनका आरोप है कि उनकी बेटी की हत्या की गई है और इसे हादसे का रूप देने की कोशिश की जा रही है।
परिवार का कहना है कि अगर यह केवल तकनीकी खराबी होती, तो पहले भी ऐसे संकेत मिलते, लेकिन अचानक इस तरह की घटना होना कई सवाल खड़े करता है।
पुलिस जांच में जुटी
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। साथ ही, घटनास्थल से वॉशिंग मशीन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की जांच के लिए फॉरेंसिक टीम को बुलाया गया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में जल्दबाजी में कोई निष्कर्ष नहीं निकाला जाएगा। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फॉरेंसिक जांच और इलेक्ट्रिकल निरीक्षण के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि यह एक दुर्घटना थी या किसी साजिश का हिस्सा।
इलेक्ट्रिकल हादसों का खतरा
विशेषज्ञों के अनुसार, घरों में इस्तेमाल होने वाले इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों से करंट लगने की घटनाएं आमतौर पर खराब वायरिंग, अर्थिंग की कमी या पानी के संपर्क में आने के कारण होती हैं।
वॉशिंग मशीन जैसे उपकरणों में पानी और बिजली का संयोजन होने के कारण जोखिम और बढ़ जाता है। अगर मशीन की वायरिंग में कोई खराबी हो या अर्थिंग सही न हो, तो करंट लगने की संभावना अधिक रहती है।
हालांकि, इस मामले में तकनीकी कारणों के साथ-साथ आपराधिक एंगल भी सामने आ रहा है, इसलिए जांच और भी संवेदनशील हो गई है।
समाज में बढ़ती चिंता
इस तरह की घटनाएं समाज में कई सवाल खड़े करती हैं। एक ओर घरेलू उपकरणों की सुरक्षा पर ध्यान देने की जरूरत है, तो दूसरी ओर घरेलू हिंसा जैसे मुद्दे भी गंभीर चिंता का विषय हैं।
अगर किसी महिला की मौत संदिग्ध परिस्थितियों में होती है, तो यह जरूरी हो जाता है कि मामले की निष्पक्ष और गहराई से जांच की जाए, ताकि सच्चाई सामने आ सके।
बेंगलुरु का यह मामला फिलहाल एक रहस्य बना हुआ है। क्या यह केवल एक दुर्भाग्यपूर्ण हादसा था या इसके पीछे कोई साजिश छिपी है—इसका जवाब जांच के बाद ही मिलेगा।
परिवार न्याय की मांग कर रहा है, वहीं पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच आगे बढ़ा रही है।
यह घटना एक बार फिर याद दिलाती है कि घरेलू सुरक्षा और पारिवारिक संबंधों दोनों में सतर्कता बेहद जरूरी है। जब तक जांच पूरी नहीं होती, तब तक हर संभावना खुली है—और सच्चाई का इंतजार जारी है।


