
वॉशिंगटन: पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच बहरीन और कुवैत ने पहली बार ईरान के भीतर सैन्य ठिकानों पर हवाई हमले किए हैं। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, दोनों देशों ने ईरान के मिसाइल और ड्रोन भंडारण केंद्रों को निशाना बनाया। हालांकि, इस कार्रवाई की आधिकारिक पुष्टि संबंधित देशों की ओर से नहीं की गई है।
मिसाइल और ड्रोन ठिकानों पर हमले का दावा
रिपोर्टों के मुताबिक, बहरीन और कुवैत के लड़ाकू विमानों ने ईरान के उन ठिकानों पर हमला किया, जहां मिसाइल और ड्रोन का भंडारण किया जाता था। बताया जा रहा है कि इस अभियान के लिए दोनों देशों को संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की ओर से खुफिया सहायता भी उपलब्ध कराई गई।
क्षेत्रीय तनाव बढ़ने के संकेत
विश्लेषकों का मानना है कि यदि यह कार्रवाई आधिकारिक रूप से पुष्टि होती है, तो यह पश्चिम एशिया के मौजूदा संघर्ष के और व्यापक होने का संकेत हो सकता है। हाल के दिनों में ईरान और अन्य देशों के बीच बढ़ते सैन्य तनाव के बीच इस घटनाक्रम को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
हूती विद्रोहियों का भी दावा
इसी बीच, ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों ने दावा किया है कि उन्होंने पहली बार सऊदी अरब के जिजान शहर पर मिसाइल हमला किया है। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।
आधिकारिक पुष्टि का इंतजार
बहरीन, कुवैत, ईरान, संयुक्त अरब अमीरात या अन्य संबंधित पक्षों की ओर से इस कथित हवाई कार्रवाई को लेकर विस्तृत आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। ऐसे में घटनाक्रम से जुड़े कई दावों की स्वतंत्र पुष्टि अभी बाकी है।
नोट: यह समाचार विभिन्न मीडिया रिपोर्टों में किए गए दावों पर आधारित है। संबंधित देशों की आधिकारिक पुष्टि और स्वतंत्र सत्यापन की प्रतीक्षा है।


