नाबालिग से दरिंदगी की कोशिश! जबरन छत पर ले जाकर की गंदी हरकत; मां की शिकायत पर जांच में जुटी पुलिस

खबर के मुख्य बिंदु:

  • शर्मनाक वारदात: रंगरा थाना क्षेत्र में 14 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म के प्रयास का मामला।
  • खौफ की रात: 4 फरवरी की रात युवक ने जबरन उठाकर छत पर ले जाकर की जबरदस्ती की कोशिश।
  • कानूनी कार्रवाई: पीड़िता की मां ने थाने में दिया आवेदन; न्याय की गुहार।
  • पुलिस का पक्ष: रंगरा पुलिस मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच और छापेमारी में जुटी।

नवगछिया: बिहार के नवगछिया जिले में महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। रंगरा थाना क्षेत्र में एक नाबालिग लड़की के साथ गलत हरकत और दुष्कर्म के प्रयास का सनसनीखेज मामला सामने आया है। घटना के बाद से पीड़ित परिवार डरा-सहमा है, वहीं पुलिस ने आरोपी की धर-पकड़ के लिए अपनी कार्रवाई शुरू कर दी है।

रात के अंधेरे में ‘हैवानियत’ की कोशिश

​पीड़िता की मां द्वारा पुलिस को दिए गए आवेदन के अनुसार, यह पूरी घटना बीती 4 फरवरी की रात की है।

  • अपहरण और जबरदस्ती: आरोप है कि एक स्थानीय युवक ने 14 वर्षीय नाबालिग लड़की को अकेला पाकर जबरन पकड़ लिया और उसे अपने घर की छत पर ले गया।
  • गलत नीयत: छत पर ले जाकर आरोपी ने लड़की के साथ गलत नीयत से जबरदस्ती करने और दुष्कर्म करने का प्रयास किया। लड़की के शोर मचाने और विरोध करने पर मामला और बिगड़ सकता था, लेकिन किसी तरह वह उसकी चंगुल से बच पाई।

पुलिस जांच: रंगरा पुलिस एक्शन मोड में

​घटना की लिखित शिकायत मिलते ही रंगरा पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया है। रंगरा थानाध्यक्ष ने बताया कि पीड़िता की मां के आवेदन के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है।

​”पुलिस मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है। नाबालिग के साथ हुई इस घटना में आरोपी की पहचान और उसकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। कानून हाथ में लेने वाले को बख्शा नहीं जाएगा।” — थानाध्यक्ष, रंगरा

त्वरित अवलोकन (Quick Facts)

  • घटना की तिथि: 04 फरवरी, 2026 (रात)
  • पीड़िता की उम्र: 14 वर्ष (नाबालिग)
  • स्थान: रंगरा थाना क्षेत्र, नवगछिया
  • आरोप: जबरन छत पर ले जाना और दुष्कर्म का प्रयास
  • वर्तमान स्थिति: पुलिस जांच और आरोपी की तलाश जारी

VOB का नजरिया: चुप्पी तोड़ना जरूरी है!

​अक्सर ग्रामीण इलाकों में लोक-लाज के डर से ऐसे मामलों को दबा दिया जाता है, लेकिन रंगरा की इस मां ने हिम्मत दिखाकर पुलिस का दरवाजा खटखटाया है। 4 फरवरी की घटना की शिकायत में देरी की वजह भी पुलिस जांच का हिस्सा हो सकती है, लेकिन प्राथमिकता आरोपी को जल्द से जल्द सलाखों के पीछे पहुँचाने की होनी चाहिए। नवगछिया पुलिस को चाहिए कि वह बच्चियों की सुरक्षा के लिए ‘पिंक गश्ती’ और ग्रामीण इलाकों में सतर्कता बढ़ाए।

  • ये भी पढ़े..

    बांका में राजद संगठन को मजबूत करने की जिम्मेदारी मिली, शेख जियाउल हसन ने जताया शीर्ष नेतृत्व के प्रति आभार

    Share Add as a preferred…

    कांग्रेस की संगठन सृजन बैठक में हंगामा, नेताओं के बीच मंच से ही हुई तीखी नोकझोंक

    Share Add as a preferred…