
बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने बुधवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए भवन निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता पवन कुमार के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति मामले में छापेमारी शुरू कर दी। जांच में उनकी ज्ञात आय से 3.89 करोड़ रुपये अधिक संपत्ति मिलने के प्रारंभिक साक्ष्य सामने आए हैं, जो उनकी वैध आय से 103.94 प्रतिशत अधिक बताई जा रही है।
EOU ने दर्ज किया केस
आर्थिक अपराध इकाई ने सत्यापन के बाद पवन कुमार के खिलाफ ईओयू थाना कांड संख्या 12/26 दर्ज किया है। उनके विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर विशेष न्यायालय निगरानी, पटना से तलाशी वारंट प्राप्त किया गया।
पटना से दिल्ली-नोएडा तक छापेमारी
EOU की टीम ने एक साथ छह ठिकानों पर दबिश दी है। इनमें—
- पटना के उत्तरी श्रीकृष्णापुरी स्थित फ्लैट
- भवन निर्माण विभाग का कार्यालय
- भागलपुर के तिलकामांझी स्थित आवास
- नोएडा के दो अलग-अलग ठिकाने
- नई दिल्ली के द्वारका स्थित फ्लैट
शामिल हैं।
करोड़ों की संपत्ति का खुलासा
जांच एजेंसी के अनुसार पवन कुमार ने अपनी ज्ञात आय से लगभग 3 करोड़ 89 लाख 79 हजार रुपये अधिक संपत्ति अर्जित की है। छापेमारी के दौरान बैंक खाते, निवेश, जमीन-जायदाद, नकदी, आभूषण और अन्य वित्तीय दस्तावेजों की जांच की जा रही है।
सोने-चांदी के बर्तन और ज्वेलरी बरामद
सूत्रों के मुताबिक तलाशी के दौरान कई महत्वपूर्ण दस्तावेजों के साथ-साथ सोने-चांदी के बर्तन, कीमती ज्वेलरी और अन्य संपत्तियों से जुड़े कागजात भी मिले हैं। हालांकि अंतिम आंकड़ा छापेमारी पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।
EOU का बड़ा बयान
EOU अधिकारियों ने बताया कि पुलिस उपाधीक्षक और निरीक्षक स्तर के अधिकारियों की निगरानी में कार्रवाई जारी है। सभी बरामद दस्तावेजों और संपत्तियों का मूल्यांकन किया जा रहा है।
भ्रष्टाचार पर बड़ी चोट
भवन निर्माण विभाग के वरिष्ठ अधिकारी पर हुई इस कार्रवाई से प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है। माना जा रहा है कि जांच आगे बढ़ने के साथ कई और बड़े खुलासे हो सकते हैं।


